मेरठ। मीट प्लांट में तीन मजदूरों की मौत के बाद एक बार फिर एमडीए ने यहां के सभी मीट प्लांटों का रिकॉर्ड पलटना शुरू कर दिया है। बिना मानचित्र के चल रहे प्लांटों पर फिर से कार्रवाई की तैयारी है।
जैसे ही प्रदेश में नई सरकार बनी थी, तत्काल मेरठ में मीट प्लांटों पर तगड़ी कार्रवाई हुई थी। पिछले साल 22 मार्च को एडीएम, एसपी सिटी, एसपी देहात के साथ प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, एमडीए, अग्निशमन, पशुपालन विभाग, खाद्य सुरक्षा, पावर कारपोरेशन के अधिकारियों के अलावा भारी पुलिस बल तथा एमडीए अधिकारियों ने मीट प्लांटों पर छापे मारे थे। छह घंटे की सघन चेकिंग के दौरान टीमों ने नौ बूचडखानों पर एक्शन लिया। इन सभी प्लांटों को संचालित करने के लिये जरूरी दस्तावेज नहीं मिले सके। अहम बात यह रही कि किसी भी फैक्ट्री का मानचित्र स्वीकृत ही नहीं था। ऐसे में एमडीए अधिकारियों ने इन सभी पर सील लगा दी थी। सभी प्लांटों के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज हो गयी थी।
वह फैक्ट्री भी हुई थी सील
जिस अलयासिर एक्सपोर्ट में तीन मजदूरों की मौत का हादसा हुआ, वह भी इस अभियान में सील हो गई थी। हालांकि बताया यह जा रहा है कि जहां अब यह हादसा हुआ है वह भाग एमडीए से अप्रूव्ड नहीं है। चूंकि वह बाद में बना है। प्लांट संचालक उसे मुख्य अल यासिर का ही रेडरिंग प्लांट बता रहे हैं जबकि एमडीए अधिकारी इसकर जांच कर रहे हैं कि यह भाग अलग तो नहीं है। इसका नक्शा स्वीकृत है या नहीं, इस बाबत दस्तावेज तलाशे जा रहे हैं। जोनल प्रभारी मनोज सिंह ने इस बाबत आला अधिकारियों से भी बात की है। दरअसल वहां कई ऐसे प्लांट अब भी चल रहे हैं जिनका मानचित्र स्वीकृत नहीं हुआ। आवेदन करने पर कई प्लांटों की सील खुल गई। लेकिन कई अब भी अवैध चल रहे हैं।
इन फैक्ट्रियों पर हुआ था एक्शन
. मै. अल यासिर एक्सपोर्ट
. मै अल अक्सा फ्रोजन फूड्स
. मै. अल कैफ इंडस्ट्रीज
. मै. यूनिवर्सल इंडिया प्रथम
. मै. यूनिवर्सल इंडिया सेकेंड
. मै. वैट फीड इंडिया
. मै बेस्ट एग्रो फीड
. मै. बेस्ट एग्रो का एलाइनमेंट
. अल आलिया
ये मिली थी खामियां
- पशुपालन विभाग की एनओसी नहीं थी
- रेंडरिंग प्लांट पर किसी तरह का कोई लाइसेंस नहीं
- कच्चा माल लाने का कोई एग्रीमेंट नहीं
- बने माल पर किसी तरह की कोई मुहर नहीं
- प्रदूषण नियंत्रण विभाग की एनओसी नहीं
- मानचित्र स्वीकृत नहीं
- बिजली कनेक्शन के कागज नहीं
- श्रम विभाग संबंधित कोई दस्तावेज नहीं
खास बातें:
- तीन मजदूरों की मौत के बाद एमडीए ने शुरू की कवायद
- सरकार बनते ही अल्लीपुर में एमडीए ने नौ फैक्ट्रियों पर लगाई थी सील