मवाना। मॉडल स्कूलों में अंग्रेजी विषय के शिक्षकों की तैनाती के लिए सोमवार को दोबारा काउंसिलिंग के लिए आवेदक जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान पहुंचे। हालांकि काउंसिलिंग रद्द हो जाने पर शिक्षकों को निराशा हाथ लगी। जिस पर उन्होंने नाराजगी जाहिर की है।
प्रदेश सरकार ने सीबीएसई की तरह गांवों के गरीब बच्चों को भी फर्राटेदार अंग्रेजी बोलने के लिए मॉडल स्कूल खोलने की योजना लागू की थी। मेरठ जिले में 65 मॉडल स्कूल बनाने की योजना थी। इसके लिए अंग्रेजी माध्यम के शिक्षक-शिक्षिकाओं के लिए परीक्षा एवं साक्षात्कार के बाद काउंसिलिंग भी की गई। इसके बाद स्कूलों की संख्या बढ़ाकर 77 कर दी गई। इसके चलते साक्षात्कार देने वालों को आज तक प्रमाण पत्र नहीं मिल सके हैं। इन सभी को दोबारा काउंसिलिंग के लिए सोमवार को डायट में बुलाया गया। लगभग दो घंटे इंतजार करने के बाद काउंसिलिंग रद्द कर दिए जाने की सूचना दी गई। जिस पर आवेदकों ने नाराजगी जाहिर की। फिलहाल दोबारा काउंसिलिंग की तारीख तय नहीं की गई है।
शिक्षक ने डाली हाईकोर्ट में याचिका
मॉडल स्कूलों की सूची में डाले गए नए स्कूलों में से एक स्कूल के शिक्षक ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। जिसके चलते सोमवार की काउंसिलिंग रद्द की गई। शिक्षक ने अपनी याचिका में कहा कि उन्होंने कोई लिखित परीक्षा या साक्षात्कार नहीं किया है। जिस कारण वह मॉडल स्कूल में पढ़ाने से वंचित रह जायेंगे। इसलिए उनकी भी लिखित परीक्षा एवं साक्षात्कार कराया जाए।
मेरिट बनेगी विवाद
65 विद्यालयों के लिए परीक्षा एवं साक्षात्कार देने वाले आवेदकों को मेरिट के आधार पर चुना गया था। सोमवार को काउंसिलिंग रद्द हो जाने का कारण बताने के बाद शिक्षकों का कहना था कि नए शिक्षकों के साक्षात्कार व परीक्षा के बाद नई मेरिट लिस्ट किस आधार पर लगाई जायेगी। यदि उन शिक्षकों में से कोई मेरिट में आगे आ जाता है तो पहले चुने गए शिक्षक पीछे रह जाएंगे और विवाद बढ़ेगा। उन्होंने यह प्रक्रिया दोबारा से करने की मांग की।
एक शिक्षक ने हाइकोर्ट में याचिका डाली है। याचिका की जानकारी होने पर ही काउंसिलिंग रद्द की गई है। किसी भी आवेदक के साथ अन्याय नहीं होगा। जल्द ही काउंसिलिंग की तारीख तय कर ली जायेगी। -सतेंद्र ढाका, बीएसए मेरठ
मुख्य बातें
एक शिक्षक द्वारा हाईकोर्ट में याचिका दायर कर दिए जाने पर उठाया कदम