चर्चित निठारी कांड के दोनों मुख्य आरोपी कोर्ट में पेशी के दौरान फरार हो सकते हैं।
ऐसी आशंका जताते हुए नोएडा पुलिस के दरोगा ने सीबीआई विशेष कोर्ट में अर्जी दी है कि आरोपियों को पेशी के दौरान हथकड़ी लगाने की अनुमति दी जाए।
विशेष न्यायाधीश एस. लाल ने डासना जेल प्रशासन से इसके लिए आख्या मांगी थी। जेल प्रशासन की आख्या भी कोर्ट को प्राप्त हो चुकी है। शनिवार को कोर्ट अर्जी पर फैसला सुना सकती है।
नोएडा पुलिस का दरोगा नरेंद्र प्रसाद 12 अप्रैल को निठारी कांड के आरोपियों मोनिंदर सिंह पंधेर और सुरेंद्र कोली को डासना जेल से गाजियाबाद सीबीआई विशेष कोर्ट में पेशी पर लाया था।
दरोगा ने कोर्ट में अर्जी दी थी कि आरोपी सुरेंद्र कोली को फांसी की सजा हो चुकी है। जबकि कई मामले अभी भी कोर्ट में विचाराधीन हैं।
ऐसे में आशंका है कि निठारी कांड के दोनों आरोपी कोर्ट में पेशी के दौरान फरार हो सकते हैं। लिहाजा उन्हें पेशी के दौरान हथकड़ी लगाए जाने की अनुमति दी जाए।
विशेष न्यायाधीश एस. लाल ने इस पूरे प्रकरण में डासना जेल प्रशासन से आख्या मांगी थी। जेल प्रशासन ने अपनी आख्या कोर्ट को भेज दी है।
इसमें कहा गया है कि कोर्ट द्वारा पांच मामलों में कोली को फांसी की सजा सुनाई जा चुकी है।
ऐसे में न्यायालय जो भी आदेश देगा, कारागार प्रशासन उसका पालन करेगा। शनिवार को न्यायाधीश एस. लाल अर्जी पर अपना फैसला सुना सकते हैं।