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यूपी चुनाव 2022: ओवैसी की पार्टी का एलान- मुख्तार अंसारी के खिलाफ उम्मीदवार नहीं उतारेगी एआईएमआईएम

Sun, 12 Sep 2021 09:26 PM IST
उत्पल कांत अमर उजाला नेटवर्क, मऊ

सार

एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली रविवार को मऊ पहुंचे थे। उन्होंने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि बहुजन समाज पार्टी ने मुख्तार अंसारी और उनके परिवार के साथ धोखा किया है। 
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असदुद्दीन ओवैसी, मुख्तार अंसारी - फोटो : सोशल मीडिया।
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विस्तार
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असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहाद-उल-मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने रविवार को कहा कि मुख्तार अंसारी अगर चाहें तो पार्टी उनका स्वागत करेगी। अगर वह मऊ से निर्दल चुनाव भी लड़ते हैं तो पार्टी उनके समर्थन में रहेगी। एआईएमआईएम उनके खिलाफ उम्मीदवार नहीं खड़ा करेगी।  

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शौकत अली रविवार को पार्टी के जिलाध्यक्ष के जेल से छूटने के बाद उनसे मिलने मऊ पहुंचे थे। आईएमएआईएम के जिला अध्यक्ष आसिफ चंदन 18 महीने जेल बाद जेल से रिहा हुए हैं।  इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि बहुजन समाज पार्टी ने मुख्तार अंसारी और उनके परिवार के साथ धोखा किया है।

मुसलमानों के साथ सेक्यूलर पार्टियों ने हमेशा धोखा ही किया है। किसी की हुकूमत रही हो, मुसलमान जुल्म का शिकार हुआ है। कहा कि मुख्तार अंसारी उत्तर प्रदेश की किसी भी सीट से चुनाव लड़ना चाहेंगे तो उनकी पार्टी स्वागत करेगी।

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मुख्तार के बहाने पूर्वांचल में दस्तक देगी एआईएमआईएम!

उत्तर प्रदेश में भले ही विधानसभा चुनाव पांच माह बाद होने हैं।लेकिन सियासी पारा चढ़ चुका है। ऐसे में बसपा मुखिया मायावती द्वारा मुख्तार अंसारी की जगह मऊ सदर विधानसभा से बसपा के प्रदेश अध्यक्ष भीम राजभर को अपना प्रत्याशी बनाए जाने के बाद मुख्तार पर एआईएमआईएम ने डोरे डालना शुरु कर दिया है।

जेल में बंद मुख्तार अंसारी 1996 से लगातार मऊ सदर विधानसभा से  2002,2007,2012, 2017 में जीत कर विधानसभा पहुंच चुका है। इसमें दो बार बसपा के टिकट पर और तीन बार निर्दल चुनाव जीता है। ऐसे में अब बसपा से टिकट न मिलने के बाद एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने मुख्तार को खुला निमंत्रण देते हुए कहा है कि मुख्तार अंसारी जिस विधानसभा से चाहें टिकट लेकर चुनाव लड़ सकते हैं।

ऐसे में सियासी जानकारों की मानें तो एआईएमआईएम कहीं न कहीं मुख्तार अंसारी के बहाने पूर्वांचल में दस्तक देने की कोशिश में है। बता दें मुख्तार अंसारी के बड़े भाई पूर्व विधायक शिगबतुल्ला अंसारी सपा में शामिल हो गए हैं। जबकि एक और बड़े भाई अफजाल अंसारी अभी बसपा के टिकट पर जीत कर सांसद हैं।
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