मधुबन/फतेहपुर मंडाव। जल जीवन मिशन के ठेकेदार की लापरवाही से केबल कटने से मधुबन तहसील कटघरा महलू 132 उपकेंद्र से जुड़े 40 गांव की बिजली रविवार की दोपहर तीन बजे से रात तीन बजे तक 12 घंटे बिजली गुल रही। उधर इससे पहले इस समस्या को लेकर बिजली निगम के कर्मियों को पांच घंटे बाद इसकी जानकारी हुई। उधर समस्या दूर करने में सात घंटे लग गए। दोपहर से ही आपूर्ति गुल होने से लोग परेशान रहे।
मधुबन तहसील के फतेहपुर मंडाव ब्लॉक के फतेहपुर मंडाव, सरायमेवागिरी, नंदौर, कटघरा, ढिलई फिरोजपुर, हसनपुर सहित 40 गांव में बिजली आपूर्ति कटघरा महलू से 132 बिजली उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति की जाती है। रविवार की दोपहर तीन बजे बिजली आपूर्ति ठप हो गई। करीब तीन घंटे भी बाद बिजली आपूर्ति चालू न होने पर रोजा उपकेंद्र पर इसकी जानकारी ली गई, जिसके बाद बिजली निगम के कर्मचारियों ने इसकी जानकारी लेना शुरू किया।
जानकारी लेने पर पता चला कि बहराम के पास जल जीवन मिशन के तहत गड्ढे खोदने के दौरान अंडरग्राउंड केबल कटने की जानकारी हुई। सूचना के बाद बिजली निगम के अधिकारी मौके पर पहुंचे और इस समस्या को दूर करने का प्रयास किया लेकिन समस्या दूर नहीं हो सकी। इस बीच रात में फाल्ट से कई घंटे बिजली गुल होने की सूचना पर अधीक्षण अभियंता मनोज कुमार अग्रवाल के साथ मधुबन तहसील के सभी आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और करीब रात तीन बजे बिजली फाॅल्ट को दूर करने के बाद आपूर्ति बहाल की।
उपभोक्ता शैलेश गौतम, श्रवण, धर्मेंद्र, सुनील, यासिर, शिवशंकर आदि ने बताया कि बिजली कटौती और ट्रिपिंग की समस्या बीते एक माह से है। रविवार को 12 घंटे बिजली गुल रही। बताया कि इसको लेकर कई बार अवर अभियंता को फोन किया गया लेकिन फोन नहीं उठाया। उधर इस समस्या को लेकर मधुबन एसडीओ आरके यादव ने बताया कि रात में ही केबल जोड़कर आपूर्ति बहाल कर दी गई। यह समस्या बहरामपुर के पास जल जीवन मिशन के तहत कार्य कराने के दौरान अंडरग्राउंड केबल कटने से हुई थी।