पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के बीच साइबर ठग अब इस विषम परिस्थितियों का लाभ उठाने में जुटे हैं। दो घटनाओं में जालसाजों ने इस्राइल में फंसे होने का नाटक करके एक युवक से 30,000 रुपये ठग लिए।
घोसी कोतवाली क्षेत्र के रहने वाले एक युवक ने बताया कि उसका दोस्त इस्राइल में काम करने गया है। किसी ने उसके दोस्त के नाम से सोशल मीडिया पर फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजा, जिसके बाद उसने स्वीकार कर लिया।
इस बीच जालसाज ने उसे अपने पास बिल्कुल राशि न होने पर पैसे की मांग की, जिस पर उसने बीस हजार रुपये उसके भेजे गए खाते में भेजा। उसे अपने साथ जालसाजी की जानकारी दो दिन बाद हुई जब उसके दोस्त के पिता के मिलने के बाद दोस्त की फोन से बात हुई।
वहीं दूसरा मामला कोपागंज थाना क्षेत्र का हैं। जिसमें युवक ने बताया कि उसे फेसबुक पर उसके दोस्त के नाम से एक फ्रेंड रिक्वेस्ट प्राप्त हुई थी, जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया। इसके बाद उसने उनका व्हाट्सएप नंबर ले लिया और कॉल कर संपर्क किया।
इस्राइल में फंसे होने की बातचीत के दौरान उसने अपनी आपबीती बताकर मदद की मांग की, उसके मदद के लिए उसने दस हजार रुपये भेज दिया। उधर, दोनों मामलों में पीड़ितों ने धोखाधड़ी का अहसास होने पर पीड़ित ने साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराई।
इस बाबत एसपी इलामारन जी ने बताया कि अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ आईटी एक्ट व संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। साइबर सेल बैंक खातों और मोबाइल नंबरों के जरिये आरोपियों की पहचान करने में जुटी है।
साइबर ठगी से बचाव के उपाय
मजबूत और अलग-अलग पासवर्ड रखें, फैक्टर ऑथेंटिकेशन चालू करें।
ओटीपी, पिन, सीवीवी या बैंक विवरण किसी से साझा न करें।
अनजान लिंक, ईमेल और कॉल से सावधान रहें।
केवल आधिकारिक बैंक एप/वेबसाइट का उपयोग करें।
पब्लिक वाईफाई पर ऑनलाइन लेन-देन न करें।
मोबाइल और कंप्यूटर को नियमित रूप से अपडेट रखें।
संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन या नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत करें।