इंदारा। सरायलखंसी थाना क्षेत्र के खालिसपुर गांव में शनिवार की देर रात बेइज्जती का बदला लेने के लिए युवक ने अपनी चचेरी बहन की निर्मम हत्या कर दी थी। हत्या करने के बाद शव को जलाने के प्रयास किया और अधजली हालत में तमसा नदी के किनारे फेंक दिया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। पुलिस का कहना है आरोपी सनकी किस्म का व्यक्ति है। उसने मृतका और उसके परिजनों से परेशान होकर बदला लेने के लिए वारदात को अंजाम दिया है। हालांकि पुलिस घटना के पीछे के अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
खालिसपुर गांव निवासी इस्तेखार अहमद अपनी बीमार बहन का हालचाल लेने मुहम्मदाबाद गोहना गए थे। घर उनका पुत्र मो. शाहिद रजा, पुत्री शायमा खातून और भतीजा मुजाहिद पुत्र रेयाज थे। सभी ने रोजा भी रखा था। लेकिन शाम लगभग 5.30 बजे मृतका का भाई शाहिद कुछ सामान खरीदने बाजार गया और वहीं से नमाज पढ़ने चला गया। इसी बीच मुजाहिद ने अपनी चचेरी बहन शायमा खातून को अकेला पाकर उसकी धारदार हथियार से काटकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को प्लास्टिक की बोरी में भरकर बाइक से नदी के किनारे ले गया। जहां उसने पेट्रोल डालकर शव को जलाने की कोशिश की। लेकिन वह कामयाब नहीं हुआ तो शव को वहीं छोड़कर घर आ गया। नमाज पढ़कर घर लौटे मृतका के भाई ने बहन को घर में ना पाकर उसकी तलाश शुरू की। आरोपी मुजाहिद से पूछने पर उसने कुछ भी बताने से इंकार कर दिया। मुजाहिद के कपड़े और बाइक पर लगे खून देखकर शाहिद ने पुलिस को सूचना दी थी। पुलिस की पूछताछ में आरोपी मुजाहिद ने बताया कि शायमा और उसके परिवार के सदस्य उसे काफी परेशान करते थे। जिस कारण उसने बदला लेने के लिए शायमा की हत्या कर दी। शाहिद ने सरायलखंसी पुलिस को हत्या के संबंध में तहरीर दी है। पुलिस मामले की छानबीन करने के साथ आरोपी से पूछताछ कर रही है। इस संबंध में थानाध्यक्ष केके गुप्ता का कहना है कि आरोपी सनकी किस्म का व्यक्ति प्रतीत हो रहा है। सीओ सिटी धनंजय मिश्रा का कहना है कि आरोपी ने बताया है कि उसके पिता और उसे शायमा के परिवार वाले परेशान करते थे। जिस कारण उसने घटना को इंजाम दिया है। पुलिस घटना को लेकर अन्य पहलुओं पर भी जांच कर रही है।