कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर की रफ्तार कम होने के बाद सोमवार से नर्सरी से आठवीं कक्षा तक के विद्यालय खुल जाएंगे। शासन के इस फैसले से न सिर्फ स्कूल संचालकों को राहत मिलेगी बल्कि बच्चों को भी बंद कमरे से आजादी मिलेगी। शासन स्तर से फरमान जारी होने के बाद स्कूलों मेें तैयारियां जोरों पर चल रही हैं। बच्चे स्कूलों में बिना मास्क के प्रवेश नहीं कर पाएंगे। विद्यालयों मेें बच्चों के प्रवेश के समय थर्मल स्कैनिंग से जांच होगी। विद्यालय के गेट पर ही थर्मामीटर, सैनिटाइजर, साबुन की व्यवस्था रहेगी। जिला प्रशासन की तरफ से समस्त स्कूलों के प्रधानाध्यापकों को इस संबंध में आदेश जारी किए गए हैं।
जिले में बेसिक शिक्षा से संबद्ध दो हजार से अधिक विद्यालयों में लगभग 3.50 लाख से अधिक बच्चे अध्ययनरत हैं। भीषण ठंड तथा कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर के बढ़ते खतरे को देखते हुए गत चार जनवरी से ही स्कूल बंद चल रहे हैं। संक्रमण दर न्यूनतम होने के बाद शासन के निर्देश पर सोमवार से नर्सरी से आठवीं कक्षा तक के बच्चों की पढ़ाई शुरू होगी। कक्षाओं में कोविड प्रोटोकाल के तहत बच्चों की उपस्थिति रहेगी। इसको लेकर स्कूलों में सफाई के साथ सैनिटाइजेशन की तैयारियां चल रही हैं। कोविड गाइडलाइन के तहत बच्चे विद्यालयों में बिना मास्क प्रवेश नहीं कर पाएंगे। विद्यार्थियों के प्रवेश के समय स्कूलों के मेन गेट पर ही थर्मल स्कैनिग से जांच होगी। जांच के बाद साबुन से हाथ धुलवाकर कक्षा में भेजा जाएगा। कोविड नियमों को सख्ती से पालन कराने के लिए शिक्षा विभाग ने गाइडलाइन जारी कर दिया है।