घोसी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में निर्वाचित हुए 72 ग्राम प्रधानों में से केवल 51 प्रधान ही शपथ ले पाएंगे। शेष 21 ग्राम पंचायतों के वार्ड सदस्यों की संख्या दो तिहाई न होने की वजह से इन गांव के प्रधान शपथ नहीं ले पाएंगे। जिससे ग्राम पंचायत में अधिकार विहीन रहेंगे। वार्ड सदस्यों का निर्वाचन होने के बाद ही उनकी शपथ हो पाएगी जिसके लिए निर्वाचन की तिथि घोषित होगी।
घोसी ब्लॉक में 72 ग्राम सभाओं में पंचायत चुनाव संपन्न हो चुके हैं। साथ ही सभी गांवों के मतदाताओं ने अपने पसंद के प्रधान को चुन लिया है, लेकिन कुचाई, धर्मपुर कसायर, अकोल्ही मुबारकपुर, तराईडीह, चमरियाव, गौरीडीह, कस्बा खास, माछिल जमीन माछिल, खानपुर बुजुर्ग, कल्यानपुर, टड़ियाव, मानिकपुर जमीन हाजीपुर, हरदासपुर, खुन्शेखपुर, सरायगनेश, बरुहा, गोडसरा, बेलासुल्तानपुर, मुगेसर, लुदुही एवं नदवल सहित कुल 21 ग्राम पंचायतों के वार्ड सदस्यों का कोरम पूरा न होने की वजह से चुने गए प्रधान शपथ नहीं ले पाएंगे। ग्राम पंचायत का चुनाव जीतने वाले प्रधानों ने पंचायती राज कानून का ध्यान ही नहीं रखा। केवल प्रधान पद हासिल करने की लड़ाई लड़ते रहे।
एडीओ पंचायत हृदयेश कुमार पांडेय का कहना था कि पंचायत एक्ट में व्यवस्था है कि जिस ग्राम पंचायत के सदस्यों की संख्या दो तिहाई या इससे अधिक होगी उसी ग्राम पंचायत का गठन हो सकेगा। जिस ग्राम पंचायत में सदस्यों की संख्या का कोरम पूरा नहीं होगा वहां के प्रधान शपथ नहीं ले सकेंगे। बताया कि घोसी ब्लॉक में 72 ग्राम प्रधान निर्वाचित हुए हैं जिनमें से 21 प्रधान ऐसे हैं जहां वार्ड सदस्यों का कोरम पूरा नहीं हो रहा है। जिनका गठन न होने की वजह से यहां के प्रधान शपथ नहीं ले सकेंगे।