कुसुम्हा (मऊ)। दोहरीघाट ब्लाक क्षेत्र के नई बाजार के समीप सरयू नदी पर निर्माणाधीन फोरलेन रोड के पुलनिर्माण कार्य में अनियमितता बरते जाने की बात सामने आ रही है। क्षेत्र के ग्रामीणों का कहना है कि गुणवत्ता को ताक पर रखकर निर्माण कार्य कराया जा रहा है। पुल के निर्माण में पिलरों पर रखे जा रहे ढांचों में दरारें होने के बाद भी उन्हें रखा जा रहा है।
स्थानीय लोगों ने ढांचे में आई दरारों की शिकायत अधिकारियों से की लेकिन उसका कोई फायदा नहीं हुआ। ढांचों में दरारों को नजर अंदाज कर उन्हें पिलरों पर रख कर कसा जा रहा है। अभी हाल ही में 24 नवंबर को यहां ढांचा रखते हुए हादसा हो गया था जिसमें 12 मजदूर घायल हो गए थे। अभी भी चार मजदूरों का गोरखपुर बीआरडी मेडिकल कालेज में इलाज चल रहा है। क्षेत्र के लोगों का कहना है कि हादसा होने के बाद भी एनएचआई व जेपी एसोसिएट के अधिकारियों ने सबक नहीं लिया। अब दरार युक्त ढांचों को रख कर गैरजिम्मेदार अधिकारी किसी बड़े हादसे को दावत दे रहे हैं।
क्षेत्र के अजय यादव, सुबेदार चौहान, राहुल गौतम,संजय सोनी, रामभूषण सिंह, अरविंद कुमार, सतीश यादव सहित आदि नागरिकों का कहना है कि फोरलेन रोड के पुल के निर्माण में बरती जा रही लापरवाही किसी दिन बड़े हादसे का कारण बन सकती है। लोगो ने उच्चाधिकारियों से मांग की है कि पुल के निर्माण में किसी भी तरह का लापरवाही न बरती जाय।
तीन महीने और बढ़ गया समय :
कुसुम्हा। सरयू नदी पर बन रहे पुल के ढांचे में आई दरार के वजह से इसे पुन: ठीक करने में तीन महीने का समय लग जायेगा। इस ढांचे को उतार कर दूसरा ढांचा रखा जायेगा। वही सही ढंग से न कसने के वजह से दो पिलरों में भी दिक्कत हो गई है। वही स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सब अप्रशिक्षित कामगारों से कार्य कराए जाने का नतीजा है।अभी ही पुल का यह हाल है तो आगे जब बन जायेगा तो इस पर यात्रा करना कितना सुरक्षित होगा यह भविष्य के गर्त में है। इस बाबत साइड इंचार्ज संतोष शुक्ला का कहना है कि दोनों तरफ बराबर न कसने के वजह से यह दरार आई है। अब इसे बदल कर दूसरा ढांचा रखा जाएगा।