लोअर पीसीएस-2013 के घोषित परिणाम में जनपद के भी चार युवाओं ने नाम दर्ज कराया। चयन से क्षेत्र में हर्ष का माहौल हैं। होनहारों के परिवार के सदस्यों को बधाई देेने वालों का तांता लगा हुआ है।
नगर के संस्कृत पाठशाला निवासी विजय कुमार गुप्ता का चयन उद्यान निरीक्षक के पद पर हुआ है। उनके भाई सुनील गुप्ता आडिटर के पद पर चयनित हुए।
दोनों की प्रारंभिक शिक्षा नगर के फातिमा स्कूल के बाद केंद्रीय विद्यालय से हुई।
मुहम्मदाबाद गोहना संवाददाता के अनुसार तहसील क्षेत्र के चकबरबोझी गांव निवासी पूर्व ब्लाक प्रमुख सुभाष सिंह की पुत्री वंदना सिंह व सौसरवां गांव निवासी महेंन्द्र नाथ सिंह के पुत्र ज्ञानी गौतम सिंह का यूपी लोक सेवा द्वारा आयोजित परीक्षा में मार्केंटिंग निरीक्षक पद पर चयन होने से क्षेत्र में खुशी व्याप्त है। दो होनहार युवाओं की सफलता पर विधान परिषद सदस्य यशवंत सिंह विधायक सुधाकर सिंह आदि ने बधाई दिया है।
चकबरबोझाी गांव निवासी पूर्व ब्लाक प्रमुख सुभाष सिंह की सबसे छोटी पुत्री वंदना सिंह ने लोअर पीसीएस परीक्षा में सफलता प्राप्त किया है। मार्केटिंग निरीक्षक पद पर चयन होने की सूचना पर पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। सफलता के बारे में पूछे जाने पर वंदना ने बताया कि नवोदय विद्यालय से इंटर तक की शिक्षा ग्रहण करने के बाद काशी हिंदू विश्वविद्यालय से कला वर्ग से स्नातक और इलाहाबाद विश्वविद्यालय से पोस्ट स्नातक किया है।
स्नातक स्तर पर उन्हें बीएचयू में गोल्ड मेडलिस्ट होने का भी सम्मान प्राप्त हुआ। इतना ही नहीं नेट परीक्षा पास करने के बाद वह पूरी तरह से प्रतियोगी परीक्षाओं में जुटी रही। मार्केटिंग इंसपेक्टर पद पर चयन के बारे में पूछे जाने पर वंदना ने कहा कि यह सफलता अभी अनन्तिम है अंतिम नहीं।
कहा कि अभी वह सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी में जुटी हैं। मुहम्मदाबाद गोहना ब्लाक के ही सौंसरवां गांव निवासी ज्ञानी गौतम सिंह का भी चयन मारकेंटिग इंसपेक्टर पद के लिये हुआ है। इलाहाबाद में नेट क्वालीफाई करने के बाद प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में जुटे गौतम सिंह ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से हिन्दी विषय के साथ पोस्ट स्नातक किया है।
युवा खासकर प्रतियोगी छात्राओं को सफलता का सूत्र बताते हुए दोनों मेधावी युवाओं ने कहा कि महिलाओं व युवाओं पर देश, समाज व परिवार का भविष्य टिका होता है। आधुनिक माहौल से दूर रहकर पूरे मनोयोग से तैयारी करना चाहिए। वंदना ने नदवासराय निवासी अध्यापक आरडी यादव को अपना आदर्श बताते हुए माता पिता व दो बडे़े भाइयों अजय प्रताप सिंह बबलू व ग्राम प्रधान भाई आशीष प्रताप सोनू के मार्ग दर्शन को भी सफलता की कुंजी बताया।