मऊ में मझवारा क्षेत्र के लखनीमुबारकपुर में सीआरपीएफ जवान का शव आने के बाद उमड़ा हुजुम। अमर उजाला
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मझवारा (मऊ)। घोसी कोतवाली क्षेत्र के लखनीमुबारकपुर निवासी तथा केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की ड्यूटी के दौरान मौत के तीन दिन बाद शव पैतृक गांव पहुंचते ही गांव में कोहराम मच गया। पत्नी व बच्चों सहित परिवारजनों का रो रोकर बुरा हाल हो गया। मृतक जवान का शव गांव पहुंचने की खबर मिलते ही हजारों लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा।
घोसी कोतवाली क्षेत्र के लखनीमुबारकपुर निवासी छोटेलाल कन्नौजिया के चार पुत्रों में से दो का चयन कुछ साल पूर्व केंद्रीय रिजर्व पुलिस में हुआ था। चार पुत्रों में से बड़े पुत्र दिनेश कन्नौजिया की तैनाती वर्तमान में सीआरपीएफ की चंडीगढ़ यूनिट की बटालियन में था। विगत 28 जुलाई को चंडीगढ़ में ही ड्यूटी के दौरान सैनिक दिनेश की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जिसके बाद परिवारजनों को रात में यूनिट की तरफ से सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।
मौत के तीन दिन बाद शनिवार को जब सीआरपीएफ के अधिकारी जब मृतक जवान का शव लेकर गांव पहुंचे तो ग्रामीणों का हुजूम उमड पड़ा। जवान के अंतिम दर्शन को हजारों की संख्या में ग्रामीण पहुंचे। मृतक केंद्रीय रिजर्व पुलिस के जवान दिनेश कन्नौजिया चार भाइयों में सबसे बड़ा था। जवान का एक भाई प्रमोद कन्नौजिया भी सीआरपीएफ में तैनात है। जवान के परिवार में माता पिता के अलावा पत्नी बबिता, दो बच्चियां हैं।
मृतक जवान का शव लेकर सीआरपीएफ के एएसपी शिरिश मिश्रा की बटालियन शनिवार करीब तीन बजे जैसे ही गांव में लेकर पहुंची। पूरे गांव का माहौल गमगीन हो गया। परिवारजनों का सांत्वना देने वालों की आंखें नम हो जा रही थी। शव पहुंचने की सूचना पर कोतवाली घोसी के सबइंस्पेक्टर यशवंत सिंह, तहसीलदार घोसी सुबाष चंद्र, चौकी प्रभारी मझवारा रंजीत विश्वकर्मा पुलिस फोर्स के साथ मौके पर मौजूद रहे।