वृंदावन (मथुरा)। गिरिराज नगर स्थित विजयवर्गीय भवन में पहली किन्नर महामंडलेश्वर हेमांगी सखी मां का ब्रज सेवा संस्थान द्वारा सम्मान किया गया। संस्थान के अध्यक्ष डॉ. गोपाल चतुर्वेदी ने उन्हें प्रशस्ति पत्र, स्मृति चिन्ह, ठाकुरजी का पटुका भेंट किया। महामंडलेश्वर ने कहा कि वे ठाकुर श्रीबांकेबिहारी की अनन्य भक्त हैं। वे 18 वर्ष की आयु से यहां आ रही हैं। हमने यहां रहते हुए कई-कई महीनों तक निधिवन की सोहनी सेवा एवं मधुकरी की है। बोलीं कि यमुना की दशा अत्यंत दु:खद है।
उन्होंने कहा कि इससे पूर्व हमने इस्कॉन से जुड़ने के बाद विदेशों में भी भगवत भक्ति का प्रचार-प्रसार किया है। लेकिन मेरा मन कहीं पर भी नहीं लगा। अब हमारी यह इच्छा है कि हम स्थायी रूप से श्रीधाम वृंदावन में बस जाएं। वह भाजपा की प्रबल समर्थक हैं। हम चाहते हैं कि उत्तर प्रदेश में पुन: भाजपा की सरकार बने। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किन्नर कल्याण बोर्ड का गठन करके किन्नर समाज के उत्थान के लिए बहुत बड़ा कार्य किया है।
यमुना की दशा अत्यंत दु:खद है, साथ ही वह अत्यंत प्रदूषित है। इसके अलावा ब्रज में गोशालाएं होने के बाद भी गोमाता की उचित सेवा नहीं हो पा रही है। आचार्य विष्णुमोहन नागार्च, महंत आचार्य रामदेव चतुर्वेदी, युवा साहित्यकार डॉ. राधाकांत शर्मा, भागवताचार्य ललितवल्लभ नागार्च, वरिष्ठ साहित्यकार सतेंद्र जोशी, विनोद चूड़ामणि, डॉ. सहदेव कृष्ण चतुर्वेदी, वसुधा सहचरी एवं भागवताचार्य कमलनयन महाराज मौजूद थे।