मथुरा। नागरिकता संशोधन कानून के विरोध के कारण प्रदेश में पैदा हुए हालातों को देखते हुए गोवर्धन परिक्रमा संरक्षण के मामले में राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण (एनजीटी) में अफसरों की उपस्थिति नहीं हो सकी। इसमें खुद अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी ने हाजिरी का माफीनामा भेजते हुए अगली सुनवाई पर उपस्थित होने की बात कही है।
शुक्रवार को एनजीटी में गोवर्धन परिक्रमा संरक्षण के मामले की सुनवाई थी। लेकिन, अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव पीडब्ल्यूडी और मथुरा के डीएम सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित नहीं हुए। कोर्ट को अधिवक्ताओं ने स्थिति की जानकारी दी। इसके बाद कोर्ट ने सुनवाई की अगली तिथि 6 जनवरी निर्धारित कर दी है। गौरतलब रहे कि शुक्रवार को एनजीटी को गोवर्धन परिक्रमा से जुड़े सर्विस रोड के निर्माण में हो रही देरी सहित विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा करनी थी।
इसी के लिए पीडब्ल्यूडी के मुख्य सचिव सहित अपर मुख्य सचिव को भी तलब किया गया था। इस मामले के अधिवक्ता सार्थक चतुर्वेदी ने बताया कि अफसरों की गैर मौजूदगी के चलते अब सुनवाई की तिथि 6 जनवरी तय कर दी है।