गोवर्धन (मथुरा)। एक विधवा के नाम के जालसाजों ने दूसरी महिला के नाम फर्जी आईडी बनवा कर सब रजिस्टार की मिलीभगत से जमीन इकरनामा कराने का मामला प्रकाश में आया है। विधवा ने पुलिस अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई, आरोपियों के रसूख के चलते सुनवाई न होने पर कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर एक महिला व सब रजिस्टार मथुरा सहित पांच लोगों के खिलाफ षड्यंत्र के तहत धोखाधड़ी के आरोप में थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
अड़ींग निवासी ओमवती के पति सोरन सिंह की मौत अगस्त 2015 में हो गई थी। इसके बाद संपत्ति बतौर वारिसान पुत्र मंगतू के नाम दर्ज हो गई। आरोप है कि अगस्त 2016 में गांव के ही नेम सिंह ने अज्ञात महिला के साथ मिल कर उसके नाम से फर्जी आईडी आधार कार्ड आदि बनवा कर उस महिला ने सब रजिस्टार की मिलीभगत से नेम सिंह के नाम इकरारनामा करा लिया। मुकेश पुत्र हरी सिंह, खेम चंद पुत्र पूरन सिंह बतौर गवाह पेश हुए।
अक्तूबर 2021 में विधवा जमीन पर कृषि ऋण लेने के लिए बारह साला बनवाने गई तो उसकी जमीन का इकरनामा हो चुका था। इसकी शिकायत पीड़िता ने थाना पुलिस से लेकर अधिकारियों से की, आरोपियों के रसूख के चलते सुनवाई न होने पर ओमवती ने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर फर्जी ओमवती, सब रजिस्टार मथुरा, नेम सिंह, मुकेश, खेम चंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
कोर्ट के आदेश पर सब रजिस्टार मथुरा, ओमवती, नेम सिहं, मुकेश, खेमचंद्र के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच चल रही है, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
-गौरव कुमार त्रिपाठी, सीओ गोवर्धन।