ठाकुर राधारमण मंदिर में चल रहे शीतकालीन निकुंज महोत्सव में अलौकिक छटा देखने को मिल रही है। परंपरागत आयोजनों के मध्य ठाकुरजी की राग सेवा श्रद्धालुओं का मन मोह रही है।
महोत्सव के अंतर्गत बुधवार रात विख्यात गायक संदीप भट्टाचार्य ठाकुरजी के समक्ष राग सेवा करने पहुंचे। उन्होंने अधर धरै मोहन मुरली पे, होठ पै माया विराजै रे..., चलो मन गंगा यमुना तीर..., वंशी बजावत गावत कान्हा, संग लिए बलवीर..., मोर मुकुट पीतांबर सोहे..., गोविंद हरे गोपाल हरे, भज मन दीनदयाल हरे.. आदि भजनों की प्रस्तुति दी।
दूसरी ओर श्याम वर्ण की पोशाक में ठाकुर राधारमण लाल के दर्शन कर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।
भक्तिमय वातावरण के बीच आचार्य श्रीवत्स गोस्वामी ने ठाकुर राधारमण लाल के औलाई शृंगार की विशेषता पर प्रकाश डाला।
शयन आरती सुवर्ण गोस्वामी ने की। आचार्य वेणुगोपाल गोस्वामी और अभिनव गोस्वामी ने आगंतुकों का स्वागत किया।