मथुरा। पूर्व सभासद मीरा ठाकुर को पीठ में सटाकर तमंचे से 315 बोर की गोली मारी गई थी। यह गोली उनके फेफड़ों में अटक गई। इससे फेफड़ों को नुकसान हुआ और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उनकी मौत हो गई। यह खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ। बुधवार देररात ही वीडियोग्राफी के बीच डॉक्टरों के पैनल ने पूर्व सभासद का पोस्टमार्टम किया था। बृहस्पतिवार को पुलिस सुरक्षा के बीच वृंदावन में मोक्षधाम के पीछे यमुना किनारे पूर्व सभासद का अंतिम संस्कार किया गया।
वृंदावन की पूर्व सभासद मीरा ठाकुर (48) पत्नी स्व.नाहर सिंह की बुधवार शाम करीब पांच बजे डेंपियर नगर में कार में बैठते समय बाइक सवारों ने पीठ में गोली मार दी थी। हमले में पूर्व सभासद का ड्राइवर कुंजबिहारी भी पैर में गोली लगने से घायल हो गया था। गंभीर हालत में पूर्व सभासद को नयिति हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
पूर्व सभासद की मौत के बाद माहौल गर्मा गया था। ऐसे में पुलिस ने बुधवार देररात 12.30 बजे वीडियोग्राफी के बीच दो डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के बाद रात 1.30 बजे पूर्व सभासद का शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। बृहस्पतिवार सुबह वृंदावन के चार संप्रदाय, गोरानगर से उनकी शवयात्रा निकाली गई। इसके बाद मोक्षधाम के पीछे यमुना किनारे शव का अंतिम संस्कार किया गया।
पुलिस की पांच टीमें आरोपियों की तलाश में जुटी
मथुरा। पूर्व सभासद मीरा ठाकुर के भाई अमर सिंह ने अपने भांजे राम के ससुर रमेश और उसके तीनों बेटों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस की पांच टीमें स्वाट, सर्विलांस, कोतवाली की दो और एक गोविंदनगर थाने की टीम आरोपियों को पकड़ने को दबिश दे रही हैं। हालांकि अब तक कोई भी आरोपी पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ सका है।
प्रॉपर्टी व लेनदेन की जांच कर रही है पुलिस
मथुरा। पुलिस नामजद आरोपियों के अतिरिक्त पूर्व सभासद की हत्या के पीछे प्रॉपर्टी और लेनदेन का एंगल खंगाल रही है। इसके तथ्य भी पुलिस जुटाने में जुटी है। हालांकि अभी तक पुलिस को कुछ खास हाथ नहीं लगा है।
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पांच टीमें आरोपियों को पकड़ने को लगाईं- वरुण
पूर्व सभासद को 315 बोर की गोली पीठ में मारी गई थी। इससे उनका सीधी ओर का फेफड़ा पूरी तरह फट गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण यही आया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस की पांच टीमें लगाई गई हैं। एक टीम प्रॉपर्टी के विवाद की जांच कर रही है।
- वरुण कुमार, सीओ सिटी