फोटो 22 एमएएचपी 13 परिचय-कलक्ट्रेट में विरोध प्रदर्शन करते शिक्षक। संवाद
महोबा। सेवारत शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) अनिवार्य किए जाने परेशान शिक्षकों ने एक बार फिर से कलक्ट्रेट में धरना दिया। धरना-प्रदर्शन के बाद उन्होंने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर टीईटी से राहत दिलाने की मांग की।
एससी-एसटी बेसिक टीचर्स वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले आयोजित धरना प्रदर्शन में सोमवार को एक बार फिर शिक्षकों ने आवाज बुलंद की। शिक्षक नेताओं ने बताया कि सभी शिक्षकों को टीईटी अनिवार्य करने के सुप्रीम कोर्ट के निर्णय से देश भर के लाखों शिक्षक प्रभावित हो रहे हैं। जब शिक्षक सेवा में आए थे, तब जो भी तय योग्यता थी, उसे पूरा किया था। अचानक टीईटी अनिवार्य किए जाने से कई शिक्षक अवसाद ग्रस्त हो रहे हैं। कई शिक्षक आत्मघाती कदम भी उठा रहे हैं। उन्होंने शिक्षक हित में टीईटी से छूट दिए जाने की मांग की। धरना प्रदर्शन में संगठन के जिलाध्यक्ष मनोज वर्मा, महामंत्री रामसेवक, कोषाध्यक्ष गया प्रसाद, नवीन गुप्ता, ज्योति तिवारी, प्रवीण सिंह, सुंदरलाल यादव, सोनू मिश्रा, राजकुमार तिवारी आदि शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद रहे।