श्रीनगर (महोबा)। अतिवृष्टि व ओलावृष्टि से बर्बाद फसल देखकर किसान की सदमे से मौत हो गई। 25 जनवरी को बेटी की बरात आनी थी लेकिन पिता की मौत से अब बेटी की शादी की चिंता सभी को सता रही है।
कस्बा श्रीनगर के मोहल्ला भैरवगंज निवासी उमराव कुशवाहा के नाम चार बीघा भूमि है। उसका इकलौता पुत्र जियालाल (40) खेती-किसानी का काम करता था। दो दिन पहले लगातार बारिश व ओलावृष्टि होने से खेत में तैयार हो रही गेहूं व चना की फसल बर्बाद हो गई। बुधवार की सुबह जियालाल खेत देखने गया। फसल बर्बाद देख अचानक सदमा लगा और अचेत होकर खेत में ही गिर गया। कुछ देर में उसकी मौत हो गई।
मृतक की पत्नी मानकुंवर ने बताया कि उसके पति सुबह फसल देखने गए थे। सदमा लगने से उनकी मौत हुई। मृतक के पिता के नाम दस हजार रुपये इंडियन बैंक से केसीसी पर कर्ज है।
अब कौन करेगा कन्यादान
मृतक की पुत्री ममता की शादी 25 जनवरी को भरवारा गांव में तय हुई थी। शादी को लेकर कार्ड भी बांटे जा चुके थे लेकिन अचानक पिता की मौत होने से अब बेटी के हाथ कैसे पीले होंगे इसकी चिंता परिजनों को सता रही है। घटना से मृतक की पत्नी, पांच पुत्रियों व एक पुत्र का रो-रोकर बुरा हाल है।