कुलपहाड़ (महोबा)। अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से कस्बा कुलपहाड़ के रामरतन भुवनेश कुमार पब्लिक स्कूल में बुधवार को आयोजित पुलिस की पाठशाला में छात्र-छात्राओं ने अपनी जिज्ञासाओं को दूर किया। पुलिस क्षेत्राधिकारी हर्षिता गंगवार ने कहा कि मोबाइल फोन पर इंटरनेट के प्रयोग के दौरान अनजाने में किए गए कई काम भी आपको परेशानियों में डाल सकते हैं। साइबर अपराध से बचने के लिए ज्यादा सावधानी बरतने में ही समझदारी है। अनजाने एप, लिंक व कॉल आने पर अपनी निजी जानकारियां किसी से साझा न करें।
पुलिस पाठशाला में सीओ ने कहा कि छात्र-छात्राएं 18 साल की उम्र पूरी करने के बाद ही बाइक चलाएं और इंस्टाग्राम व सोशल मीडिया का उपयोग करें। स्कूल और कोचिंग जाते समय छात्राएं डरे नहीं। यदि, किसी भी प्रकार की परेशानी होती है तो एंटी रोमियो स्कायड व हेल्पलाइन नंबर 112, 1090 आदि में सूचना दें। मनचलों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कार्यक्रम में नगर पंचायत अध्यक्ष वैभव अरजरिया ने कहा कि साइबर अपराध को लेकर अपराधी हाईटेक हो चुके हैं। विद्यालय के प्रधानाचार्य अमित कुमार अग्रवाल ने कहा कि अमर उजाला फाउंडेशन की यह पहल सराहनीय है। अंत में सीओ ने सवाल पूछने वाले अंश पाठक, आयुष सोनी, सुहाना, वैष्णवी गुप्ता और जुबेदा खान को किताब देकर उत्साहवर्धन किया। कार्यक्रम में विद्यालय के डायरेक्टर राकेश कुमार अग्रवाल, अमर चौबे के अलावा छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
प्रश्न-हाईस्कूल के छात्र अंश पाठक ने सवाल किया कि उनकी फोटो एडिट कर उन्हें ब्लेकमैल करने का प्रयास किया गया। इससे कैसे बचें।
उत्तर-सीओ हर्षिता गंगवार ने जवाब दिया कि 18 साल से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से दूर रहना चाहिए। यदि इस प्रकार की घटना हुई है तो परिजनों को बताएं और उसकी शिकायत पुलिस से करें। समस्या का समाधान किया जाएगा।
प्रश्न-हाईस्कूल के छात्र आयुष सोनी ने सवाल किया कि बैंक फ्रॉड से कैसे बच सकते हैं।
उत्तर-सीओ ने जवाब दिया कि किसी को भी अपना ओटीपी, पासवर्ड और बैंक संबंधी जानकारियां न बताएं। पासवर्ड ऐसा बनाएं, जिसमें अंक, चिन्ह व अक्षरों का समावेश हो।
प्रश्न-हाईस्कूल की छात्रा सुहाना ने सवाल किया कि ऑनलाइन बहुत से पैकेज आते हैं।
उत्तर-सीओ ने जवाब दिया कि लालच से बचें। क्योंकि, ऐसी साइट फ्रॉड हैं। किसी भी साइट पर ऐसे वीडियो को न खोले, जिसको हम नहीं जानते। पूरी जानकारी के बाद ही ऑनलाइन खरीदारी करें।
प्रश्न-कक्षा 11वीं की छात्रा वैष्णवी गुप्ता ने सवाल किया कि फेक अकाउंट का किस प्रकार पता कर सकते हैं।
उत्तर-सीओ ने जवाब दिया कि इस तरह के अकाउंट हमेशा लॉक रहते हैं। जिससे उनकी प्रोफाइल नहीं देख सकते। बिना प्रोफाइल जाने किसी भी अकाउंट को खोले नहीं और न ही उससे जुड़ें।
प्रश्न-हाईस्कूल की छात्रा जुबेदा खान ने सवाल किया कि हम किसी घटना के बाद पुलिस की सहायता कैसे ले सकते हैं।
उत्तर-सीओ ने जवाब दिया कि नजदीक के थाने व चौकी में शिकायत दर्ज कराएं। त्वरित सहायता के लिए यूपी 112 हेल्पलाइन नंबर को सूचना दें। पुलिस मौके पर पहुंचकर समस्या का समाधान करेंगी।