चैत्र नवरात्र के मद्देनजर देवी मंदिरों में तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं। नवरात्र की तैयारियों को लेकर मंदिरों की रंगाई पुताई, रंग रोगन का काम अंतिम चरण में है। मंदिराें में बिजली की शानदार सजावट कर भव्य रूप दिया जा रहा है। 21 मार्च से शुरू हो रहे नवरात्र से देवी मंदिर माता के जयकारों से गूंज उठेंगे।
चैत्र नवरात्र दौरान शहर में देवी पूजा की खासी धूम रहेगी। नौ दिन तक पूजा अर्चना और माता की स्तुति के साथ-साथ जयकाराें से देवी मंदिर गूंजते हैं। 21 मार्च से शुरू हो रहे नवरात्र को लेकर शहर में खासी चहल-पहल है। वहीं मंदिर में आने जाने वालों को ध्यान में रखकर रास्ते में रोशनी की जा रही है। जिससे सुबह के समय मंदिर आने जाने वाले श्रद्धालुआें को असुविधा न हो। शहर के बड़ी चंद्रिका मंदिर में साफ सफाई और व्यवस्था में लगे महेश रिछारिया, देवीलाल सक्सेना, महेंद्र द्विवेदी, पंकज द्विवेदी, सुशांत खरे, रीतेश पचौरी ने बताया कि पर्व को उत्साह के साथ मनाए जाने को लेकर एक सप्ताह पहले से ही तैयारियां शुरू कर दी गई थीं। चैत्र नवरात्रि पर्व जोशोखरोश के साथ मनाए जाने को लेकर शहर में अलग-अलग नवदुर्गा समिति गठित की गई है। जो व्यवस्थाआें के साथ यज्ञ कराने और कन्या भोज कराने जैसे कार्यक्रमाें को सफल बनाने में सहयोग करती है। समितियों द्वारा देवी मंदिरों के साथ-साथ विभिन्न स्थानाें पर कन्या भोज का आयोजन किया जाएगा।
मेले जैसा दिखेगा नजारा
शहर के बड़ी चंद्रिका देवी मंदिर प्रांगण में नवरात्र में विशाल मेले जैसा दृश्य नजर आएगा। मंदिर के बाहर दुकानदारों ने दुकानें लगाना शुरू कर दिया है। मंदिर परिसर के मैदान से लेकर हाईवे तक सड़क के दोनों ओर दुकानें लगाने का कार्य युद्धस्तर पर चल रहा है। इन दुकानाें में नारियल, बताशे, चुनरी, पूजा का सामान, बर्तन, दैनिक उपयोग की वस्तुएं, फर्नीचर, गृहस्थी का सामान, मूर्तियां सहित विभिन्न प्रकार की दुकानें सजाई जा रही हैं। नवरात्र के अवसर पर मंदिर के बाहर तकरीबन एक सैकड़ा से अधिक दुकानें लगाई जा रही हैं। जहां नवरात्र के दिनाें में खरीदारी के लिए महिलाआें और युवतियाें की भारी भीड़ जुटती है।
इन मंदिरों में उमड़ेगा भक्तों का सैलाब
शक्तिपीठाें में शुमार शहर का बड़ी चंदिका मंदिर नवरात्र में दुर्गा पूजा प्रमुख केंद्र है। जहां पूजा अर्चना के लिए भक्ताें की भारी भीड़ जुटती है। इसके अलावा छोटी चंडिका मंदिर, विंध्यवासिनी मंदिर, शारदा मंदिर, काली माता मंदिर, माहेश्वरी देवी मंदिर, शीतला माता मंदिर, मदारन देवी मंदिर, संकरी सन्या, गायत्री मंदिर, चामुंडा देवी मंदिर, चकौटा देवी मंदिर सहित विभिन्न मंदिराें में माता के जयकारे गूंजेंगे।