एसडीएम चैंबर में नोकझोंक करते दोनों पक्ष
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महोबा। जनपद कन्नौज में अधिवक्ताओं द्वारा लेखपालों के साथ किए गए जानलेवा हमले के विरोध में तहसील महोबा में लेखपालों द्वारा किए जा रहे धरना प्रदर्शन के दौरान लाउडस्पीकर लगाकर अधिवक्ताओं के खिलाफ अभद्र टिप्पणी किए जाने से नाराज वकीलों ने लेखपालों के धरना स्थल पर पहुंचकर लेखपालों के खिलाफ नारेबाजी की। उधर लेखपाल भी नारेबाजी करने लगे। जिससे अधिवक्ता और लेखपालों में जमकर नोकझोंक हुई। मामला बढ़ते देख लेखपालों ने फोर्स बुला ली। पुलिस फोर्स के साथ पहुंचे अपर पुलिस अधीक्षक ने दोनों पक्षों को एसडीएम के कक्ष में बुलाकर मामला शांत कराया।
24 सितंबर को जनपद कन्नौज में अधिवक्ताओं द्वारा लेखपालों पर किए गए हमले के विरोध में तहसील महोबा में लेखपालों ने धरना प्रदर्शन के दौरान अधिवक्ताओं पर लाउडस्पीकर से अभद्र टिप्पणी कर दी और वकीलों को बुरा-भला कहने लगे। इससे अधिवक्ता भड़क गए और धरना स्थल पर पहुंचकर लेखपालों के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। उधर लेखपाल भी नारेेबाजी करने लगे। जिससे दोनों पक्षों में नोकझोंक होने लगी। इसी बीच तहसीलदार मौके पर पहुंच गए और अधिवक्ताओं को समझाया-बुझाया।
अधिवक्ताओं की भारी भीड़ देख लेखपालों ने फोन कर पुलिस बुला ली। अपर एसपी वीरेंद्र कुमार ने दोनों पक्षों को एसडीएम के चेंबर में बुलाया और दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया। बाद में लेखपालों ने लेखपाल संघ के पदाधिकारियों को सूचना देकर बुला लिया। उधर अधिवक्ता समिति के अध्यक्ष राजकिशोर तिवारी भी वकीलों के पक्ष में तहसील पहुंच गए। मामला शांत होने के बाद दोनों पक्ष अपने-अपने घर चले गए।
अगर लेखपाल अभद्रता करेगा तो दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एक दूसरे का सम्मान करो। अधिवक्ता भी धरना स्थल पर न जाएं और लेखपाल शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जताएं। उन्होंने लेखपालों से लाउडस्पीकर न लगाने की अपील की।
देवेंद्र सिंह, एसडीएम, महोबा।