जनपद में 54 हजार गाय व 1.35 लाख भैंस का हो रहा पालन
12 पशु चिकित्सा अधिकारी व पांच उप मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी हैं तैनात
महराजगंज। जिले के पशु अस्पताल भी इन दिनों बीमार चल रहे हैं। करीब पौने दो लाख से अधिक पशुओं के इलाज से लेकर टीकाकरण के लिए बनाए गए 31 पशु अस्पतालों में महज 17 पशु चिकित्सक ही तैनात हैं। इनमें पांच पशु विभाग के अधिकारी भी शामिल हैं, जिन पर पशु अस्पताल में हो रहे चिकित्सा एवं टीकाकरण सेवाओं की निगरानी का जिम्मा भी है।
जिले में आज की तारीख में पशुपालकों के पास 54 हजार गाय व 1.35 लाख भैंस पल रही हैं। लेकिन पशुओं के बीमार होने पर उनके इलाज का कोई ठोस व्यवस्था नहीं बनाया जा रही है। इन सबके टीकाकरण के लिए जिले में 31 पशु चिकित्सालय संचालित हैं। इन अस्पतालों में इलाज के लिए 12 पशु चिकित्सा अधिकारी व पांच उप मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी तैनात हैं।
पशुपालन विभाग में खाली है 116 पद
जिले के पशुपालन विभाग में कुल 31 अस्पताल, 20 पशु सेवा केंद्र, दो ''द'' श्रेणी औषधालय संचालित है। इसके संचालन के लिए उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी के छह पद स्वीकृत है। लेकिन आज की तारीख में महज पांच पदों पर ही उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी तैनाती है। वहीं पशुचिकित्साधिकारी के 27 पद के सापेक्ष 12 की तैनाती है। 15 पद खाली चल रहे हैं। वेटेनरी फार्मासिस्ट के 31 स्वीकृत पद के सापेक्ष केवल 5 की तैनाती है। पशुधन प्रसार अधिकारी 22 के स्थान पर केवल आठ पद पर तैनाती है। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी 76 के जगह केवल 16 की तैनाती है। कार्यालय में एक पद खाली चल रहा है।
पशुओं का टीकाकरण बना चुनौती
जिले में 1,81,550 पशुओं को खुर पका और मुंह पका के टीकाकरण का लक्ष्य मिला है। जो जिले में 22 जुलाई से ही शुरू है। अब तक 71200 पशुओं को टीका लगाया जा चुका है। विभाग को यह टीकाकरण अभियान आठ सितंबर तक पूरा करना है। ऐसे में आधे से अधिक पशुओं का अभी टीकाकरण करना एक चुनौती है।
स्पीकअप
गाय बीमार थी तो 14 अगस्त को अमडीहा पशु अस्पताल गए लेकिन वहां से कोई राहत नहीं मिला तो सचल दस्ता पर फोन किया। दूसरे दिन यानी शनिवार को डॉक्टर आए और हमारे पशु का इलाज किया। यहां डॉक्टर नहीं मिलते हैं।
-चंद्रशेखर उर्फ लल्लू सिंह निवासी बैजनाथपुर
अमडीहा सरकारी पशु अस्पताल में 13 अगस्त को गये तो पशु डॉक्टर से मुलाकात नहीं हुई। एक कर्मचारी है, उन्हीं से जरूरत होने पर फोन कर इलाज कराना पड़ता है।
- राजकुमार यादव निवासी खेसरारी
वर्जन
पशु चिकित्सकों की संख्या पूरे प्रदेश में कम है। जनपद में रिक्त चल रहे पदों की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी गई है।
- डॉ. एजाज अहमद, सीवीओ,महराजगंज।