प्रभारी निरीक्षक सहित दो अन्य कर्मचारियों का जांच के आदेश दिए
फरेंदा सीओ अनिरुद्ध कुमार को सौंपी गई मामले की जांच
फरेंदा। पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी ने रविवार की देर रात कोतवाली फरेंदा का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कार्यों के प्रति लापरवाही मिलने पर उन्होंने उपनिरीक्षक बीरबल चौहान को तत्काल निलंबित कर दिया। साथ ही एसपी ने प्रभारी निरीक्षक, वरिष्ठ उपनिरीक्षक व मुंशी के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं। मामले की जांच फरेंदा सीओ अनिरुद्ध कुमार को सौंपी गई है।
पुलिस अधीक्षक ने रविवार की देर रात थाना कोतवाली फरेंदा का आकस्मिक निरीक्षण कर अभिलेखों, साफ-सफाई, थाना कार्यालय, साइबर, महिला हेल्प डेस्क सहित अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान कई कमियां सामने आईं। इन कमियों पर पुलिस अधीक्षक ने कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए उपनिरीक्षक बीरबल चौहान को निलंबित कर दिया। प्रभारी निरीक्षक फरेंदा योगेंद्र कुमार राय, वरिष्ठ उपनिरीक्षक व ड्यूटी मुंशी के खिलाफ प्रारंभिक जांच के आदेश जारी किए गए है। पुलिस अधीक्षक ने अभिलेखों में पूर्णता और नियमित अद्यतन सुनिश्चित करने के लिए संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। एसपी ने थाने पर लंबित प्रार्थना पत्रों और प्रकरणों के निस्तारण की प्रगति की समीक्षा की।
उन्होंने प्रभारी निरीक्षक फरेंदा और कर्मचारियों को जनता की शिकायतों का त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी ढंग से निस्तारण करने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने विशेष रूप से, अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस कर्मियों को सतर्कता और सक्रियता के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि थाना स्तर पर पुलिसिंग की गुणवत्ता जनता के विश्वास को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। हमारा लक्ष्य है कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध और निष्पक्ष समाधान हो, ताकि जनता को त्वरित न्याय मिल सके।