औषधीय पौधे से राहत पाने वाले मरीजों को रायल्टी दिलाने की होगी पहल
18 वनटांगिया गांवों में ऐसे मरीजों को चिह्नित करेंगे एनआईएफ के सदस्य
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। वन विभाग ने जिले के सभी 18 वनटांगिया गांवाें में औषधीय पौधे से बीमारियों से राहत पाने वाले लोगों को चिह्नित करने का निर्णय लिया है। राष्ट्रीय नवप्रर्वतन प्रतिष्ठान (एनआईएफ) के सदस्य द्वारा ऐसे मरीजों को चिन्हित करते हुए उनकी सूचना फार्मास्यूटिकल्स कंपनी को भेजा जाएगा। सूचना के आधार पर फार्मास्यूटिकल्स कंपनी द्वारा यदि संबंधित औषधीय पौधे का प्रयोग दवाओं में किया जाएगा तो कंपनी को दवाओं से होने वाली आय में से एक प्रतिशत रायल्टी संबंधित व्यक्ति को भी देना होगा।
जिले में कुल नौ वन क्षेत्र हैं। सोहगीबरवां वन्यजीव प्रभाग में पकड़ी, दक्षिणी चौक, उत्तरी चौक, शिवपुर, मधवलिया, निचलौल व लक्ष्मीपुर वन क्षेत्र हैं जबकि गोरखपुर वन प्रभाग में बांकी व फरेंदा वन क्षेत्र हैं। इन नौ वन क्षेत्रों से संबंधित 18 वनटांगिया गांवों में ऐसे मरीजों को चिह्नित किया जाना है जिसने औषधीय पौधों के प्रयोग से बीमारी से निजात पाई है। सोहगीबरवां वन्यजीव प्रभाग के प्रभागीय वनाधिकारी पुष्प कुमार कांधला ने कहा कि मरीजों को चिह्निकरण के लिए राष्ट्रीय नवप्रर्वतन प्रतिष्ठान के सदस्य कार्तिक पटेल जिले में आए हैं। वह सप्ताह भर जिले में रहकर विभिन्न वन ग्रामों में लोगों का पता लगाएंगे। यदि कोई भी ऐसा मामला सामने आता है तो संबंधित लोगों को लाभ दिलाने की पहल की जाएगी।