महराजगंज। स्वास्थ्य विभाग की ओर से ऑक्सीजन प्लांटों के बेहतर संचालन एवं स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर पूर्वाभ्यास किया गया। इस बीच संसाधनों के क्षमता की परख की गई। जहां कमी मिली, उसे सुधार करने के लिए निर्देशित किया गया। जिला अस्पताल, महिला अस्पताल, गोपाला, घुघली, परतावल, पनियरा, फरेंदा में पूर्वाभ्यास किया गया। माॅक ड्रिल के दौरान स्वास्थ्य विभाग की ओर से नोडल अधिकारियों ने ऑक्सीजन प्लांटों की तैयारियों की समीक्षा की। किसी भी आपातकालीन स्थिति में ऑक्सीजन की आपूर्ति में कोई कमी न हो। आवश्यक सुधार के लिए सुझाव भी दिए गए। इसके अलावा ड्रिल के दौरान प्लांटों में उपकरणों की जांच की गई, ताकि यह सुनिश्चित किया गया प्लांट पर स्थापित उपकरण सही तरीके से काम कर रहे हैं। किसी भी प्रकार की तकनीकी विफलता से बचा जा सके। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने कहा कि माॅक ड्रिल का उद्देश्य केवल आकलन करना नहीं था, बल्कि भविष्य में किसी भी संभावित महामारी या आपातकालीन स्थिति के लिए जिले की तैयारियों को और भी मजबूत बनाना है। माक ड्रिल के परिणामों के आधार पर कुछ सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे, इससे जिले में ऑक्सीजन आपूर्ति की व्यवस्था और भी बेहतर हो सके।
सीएमओ डॉ. श्रीकांत शुक्ला ने बताया कि जिले में स्थापित ऑक्सीजन प्लांट जिला अस्पताल, जिला महिला अस्पताल, गोपाला, घुघली, परतावल, पनियरा, फरेंदा में नामित नोडल अधिकारियों के निगरानी में माॅक ड्रिल कराया। इस दौरान समस्त उपकरणों की जांच की गई। सभी जगहों पर व्यवस्थाएं दुरुस्त मिलीं। पनियरा प्रतिनिधि के अनुसार, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ. राकेश कुमार व डिप्टी सीएमओ डाॅ. अखिलेश यादव के की ओर से पूर्वाभ्यास कराया गया। इस दौरान एक मरीज को एंबुलेंस से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर लाया गया, उसे एंबुलेंस से उतारा गया और उसे इलाज के लिए तुरंत बेड पर ले जाकर इलाज किया गया।