ध्वस्त होंगे जिले के आधा दर्जन पशु चिकित्सालय
पीडब्ल्यूडी की ओर से जर्जर भवनों को निष्प्रयोज्य घोषित किए जाने की कवायद
6 पशु चिकित्सालयों को ध्वस्त करने के लिए पीडब्ल्यूडी से संपर्क साधा : चिकित्सा अधिकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। पशुपालन विभाग के जिले में संचालित होने वाले छह पशु चिकित्सालयों को ध्वस्त कराया जाएगा। ये चिकित्सालय भवन पूरी तरह जर्जर हो चुके हैं, ऐसे में लोक निर्माण विभाग से इसे निष्प्रयोज्य घोषित कराने की कवायद प्रारंभ की गई है। निष्प्रयोज्य घोषित होने के उपरांत इनके नए निर्माण की कवायद प्रारंभ की जाएगी।
जिले में कुल 31 पशु चिकित्सालय संचालित हैं। इनका उद्देश्य पशुओं का बेहतर इलाज कर पशुपालकों को राहत देना है। संचालित पशु चिकित्सालयों मेें से धानी, मिठौरा, लक्ष्मीपुर, परतावल, सदर व निचलौल की स्थिति अत्यंत जर्जर है। इसके कभी भी गिर जाने तथा मुश्किलों के बढ़ने का डर बना हुआ है। चिकित्सकों द्वारा उपलब्ध कराई गई सूचना के आधार पर विभाग ने इन सभी छह पशु चिकित्सालयों को ध्वस्त कराने तथा उनके स्थान पर नए चिकित्सालय का निर्माण कराए जाने को लेकर पहल शुरू कर दिया है। जिम्मेदारों ने पशु चिकित्सालय को निष्प्रयोज्य घोषित कराने को लेकर जहां लोक निर्माण विभाग से संपर्क स्थापित किया है वहीं निष्प्रयोज्य होने के उपरांत उसका आगणन तैयार किए जाने की भी तैयारी शुरू कर दिया है। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. आरपी सिंह ने बताया कि जिले के आधा दर्जन चिकित्सालयों को ध्वस्त किया जाना है। इसे लेकर लोक निर्माण विभाग से संपर्क साधा गया है।