-भारतीय किसान संघ ने डीएम को सौंपा ज्ञापन
- गड़ौरा चीनी मिल से गन्ना मूल्य का भुगतान कराने की मांग
महराजगंज। गणेश शुगर मिल को दोबारा संचालित कराने और गन्ने का मूल्य बढ़ाकर 600 रुपये प्रति क्विंटल करने की मांग को लेकर भारतीय किसान संघ ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष शैलेश त्रिपाठी के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। इसमें गन्ना किसानों की समस्याओं के साथ खाद-बीज, सिंचाई, सरकारी योजनाओं और कृषि उपज के लाभकारी मूल्य से जुड़े मुद्दे उठाए गए।
नकदी फसल है गन्ना, जल्द शुरू हो मिल
जिलाध्यक्ष शैलेश त्रिपाठी ने कहा कि गन्ना किसानों की नकदी फसल है और प्राकृतिक आपदाओं का प्रभाव भी इस पर अपेक्षाकृत कम पड़ता है। ऐसे में गणेश शुगर मिल का संचालन जल्द शुरू किया जाना जरूरी है। उन्होंने मिल संचालन के लिए पूर्व में बांधा शुगर मिल के कर्मचारियों की देनदारी का भुगतान कराने और बिचौलियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की मांग की। मिल के पास उपलब्ध कृषि फार्म को भी मिल संचालन में संसाधन के रूप में इस्तेमाल करने का सुझाव दिया।
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बगहा से गन्ना खरीद की जांच की मांग
ज्ञापन में गड़ौरा शुगर मिल द्वारा बिहार के बगहा से गन्ने की पर्ची लेकर खरीद किए जाने के मामले में किसानों को भुगतान कराने की मांग की गई। साथ ही संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग उठाई गई। नगर पंचायत और नगर पालिका क्षेत्रों में खेती करने वाले किसानों को भी कृषि विभाग की सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही गई।
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फार्मर रजिस्ट्री समेत योजनाओं को सरल बनाने की मांग
किसान संघ ने फार्मर रजिस्ट्री जैसी योजनाओं की प्रक्रिया आसान करने और सरकारी योजनाओं का विभागीय स्तर पर सर्वे कराकर पात्र किसानों को लाभ दिलाने की मांग की। गांव के पोखरों और तालाबों का पट्टा मत्स्य पालन करने वाले किसानों को देने तथा समितियों पर समय से खाद-बीज उपलब्ध कराने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही।
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खेतों तक बिजली पहुंचाने और लाभकारी मूल्य तय करने पर जोर
किसान संघ ने खेती को उद्योग से जोड़कर रोजगार के अवसर बढ़ाने, सिंचाई के लिए बिजली की व्यवस्था आसान करने और खेतों तक विद्युत पोल लगाने की मांग की। संघ ने न्यूनतम समर्थन मूल्य के बजाय खेती की लागत के आधार पर लाभकारी मूल्य निर्धारित करने तथा गन्ने का मूल्य 600 रुपये प्रति क्विंटल करने की मांग रखी। इस दौरान हरगोविंद, पुरुषोत्तम, जोखन, रामहित, घनश्याम पांडेय, प्रेमनारायण पांडेय समेत अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।