महराजगंज। राज्य परियोजना निदेशक समग्र के निर्देश के बाद भी डायट में एनसीईआरटी प्रशिक्षण नहीं हो सका, जबकि नया शिक्षा सत्र शुरू हुए तीन माह का समय बीत हो चुका है। ऐसा इसलिए क्योंकि पद के सापेक्ष एआरपी (एकेडमिक रिसोर्स पर्सन) के तय पदों पर भर्ती नहीं पूर्ण हो सकी।
आखिरकार डायट की तरफ से इसका विकल्प तलाश कर बीएसए व सभी बीईओ को पत्र जारी कर हर ब्लाॅक से 5-5 की सूची भेजने के निर्देश दिए हैं। विभाग 10 जुलाई से एनसीईआरटी आधारित पांच दिवसीय प्रशिक्षण प्रारंभ कर सकता है।
जिले में एआरपी के 54 पद सृजित हैं, लेकिन परीक्षा पूर्ण होने के बाद भी तैनाती सिर्फ 41 की हुई। ऐसे में 13 पद शेष रह गए। इनकी तैनाती सत्र शुरू होने से पहले ही हो गई, लेकिन शेष पद नहीं भरे जा सके। सभी ब्लाॅक में पर्याप्त संख्या न होने के कारण इन्हें प्रशिक्षण नहीं दे सका कि इनके सौजन्य से बीआरसी से सभी शिक्षक नये पाठ्यक्रम का प्रशिक्षण ले सकें।
अंततः डायट ने जहां एआरपी नहीं हैं उन ब्लाॅकों में निष्ठा कार्यक्रम के तहत रखे गए केआरपी (मुख्य संसाधन व्यक्ति) को शामिल करते हुए प्रत्येक ब्लॉक से पांच-पांच की सूची भेजने के निर्देश दिए हैं। मौजूदा समय में कुल 1600 परिषदीय स्कूल 12 विकास खंड़ोंं में हैं, जिसमें लगभग 4300 शिक्षक 2.35 लाख बच्चों को पढ़ाने के लिए तैनात हैं।