निचलौल। अखिल भारतीय गोंड आदिवासी संघ के अध्यक्ष अंगद गोंड की मौजूदगी में संघ के सदस्यों ने बुधवार को तहसील पहुंच एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने रमपुरवा गांव स्थित तालाब को नियम के मुताबिक नीलामी कराने की मांग की। सुनवाई न होने पर उच्च न्यायालय की शरण में जाने की चेतावनी दी।
अखिल भारतीय गोंड आदिवासी संघ के जिलाध्यक्ष अंगद गोंड ने बताया कि रमपुरवा गांव स्थित आराजी संख्या 160 रकवा 0.551 हेक्टेयर तालाब की नीलामी बुधवार को होनी थी। गांव में मछुआ समुदाय एवं कहार जाति के व्यक्ति नहीं होने के कारण नीलामी नहीं हो सकी। उक्त समुदाय एवं कहार जाति न होने के कारण 22 दिसंबर 2023 व 1 मार्च 2024 को उक्त तालाब की नीलामी मछुआ समुदाय के व्यक्ति न होने के कारण नीलामी अधिकारी की ओर से नीलामी निरस्त कर दी गई थी। जबकि गांव में मछुआ समुदाय और कहार जाति के न होने के बावजूद भी तत्कालीन उपजिलाधिकारी ने आठ जुलाई 2022 को आराजी संख्या 127 रकवा 0.243 हेक्टेयर तालाब की नीलामी उपरोक्त नियमावली के तहत अनुसूचित जाति और जनजाति आवेदकों के बीच कराकर सबसे अधिक बोली लगाने वाले व्यक्ति को स्वीकृति प्रदान कर दी है। ऐसे में उक्त नीलामी तालाब के सामान ही आराजी संख्या 160 रकवा 0.551 हेक्टेयर तालाब को भी नियम के मुताबिक अनुसूचित जाति और जनजाति के आवेदकों के बीच ही नीलामी कराई जाए। इस दौरान सरवन गोंड, रंजीत गोंड, संदीप गोंड, राजेश, अमित श्याम, गोपाल सेन, कैलाश मौजूद रहे। संवाद