उमस भरी गर्मी में रात में हो रही कटौती से ग्रामीणों में आक्रोश
परसामलिक। ठूठीबारी विद्युत उपकेंद्र से जुड़े ग्रामीण क्षेत्रों में इन दिनों बिजली की अघोषित कटौती ने उपभोक्ताओं का जीना मुहाल कर दिया है। पिछले कुछ दिनों से रात में लगातार हो रही कटौती के चलते लोग उमस भरी गर्मी में रात बिताने को मजबूर हैं। इस वजह से ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने सुधार नहीं होने पर उपकेंद्र के घेराव की चेतावनी दी है।
जानकारी के अनुसार मामले में सबसे बदतर स्थिति उपकेंद्र के परसामलिक फीडर क्षेत्र की है। इस फीडर से क्षेत्र की ग्राम पंचायत सेवतरी, मर्यादपुर, परसामलिक, बभनी, झिगंटी, पड़ौली, महरी समेत दर्जनों गांवों में पिछले दो-तीन दिनों से दिन में तो जैसे-तैसे बिजली की आपूर्ति की जा रही है। रात होते ही कटौती का सिलसिला शुरू हो जा रहा है और पूरी-पूरी रात जारी रह रहा है। विद्युत आपूर्ति की इस दुर्व्यवस्था को लेकर ग्रामीणों में बिजली विभाग के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है।
स्थानीय उपभोक्ता संतराज प्रसाद, अखिलेश यादव, अजय, कमलेश, श्याम नरायण, मोहन प्रसाद, राजकुमार, श्रवण कुमार, राजू अग्रहरी और संजय अग्रहरी का कहना है कि बिजली कटौती से उमस भरी गर्मी में रात बिताना दूभर हो गया है। बिजली न रहने से न सिर्फ लोगों की नींद हराम हो रही है, बल्कि बच्चों की पढ़ाई और बुजुर्गों की सेहत पर भी इसका सबसे बुरा असर पड़ रहा है।
ग्रामीणों का आरोप है कि स्थानीय उपकेंद्र के अवर अभियंता व अन्य कर्मचारी अक्सर फोन नहीं उठाते। फोन यदि उठ गया तो लाइन में खराबी होने का रटा-रटाया बहाना बनाते हैं। उपभोक्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि क्षेत्र में रात्रि कालीन विद्युत आपूर्ति में तत्काल सुधार नहीं किया गया, तो वे प्रदर्शन करने और उपकेंद्र का घेराव करने के लिए बाध्य होंगे।
इस संबंध में पूछे जाने पर ठूठीबारी विद्युत उपकेंद्र के अवर अभियंता रजनीश गौड़ ने बताया कि बिजली कटौती स्थानीय स्तर पर नहीं की जा रही है। मुख्यालय स्तर से हो रही है।