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Maharajganj News: सावधान ! सस्ते पाउडर वाले दूध के चक्कर में फंसे तो हो जाएंगे बीमार

Wed, 09 Jul 2025 01:04 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
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महराजगंज। सस्ता वाला मिल्क पाउडर सेहत के लिए खतरा हो सकता है। इसकी खरीदारी करने के पहले सचेत रहें। धंधेबाजों ने इसे बाजार में अधिक मात्रा में उतार दिया है। गोरखपुर से इसे मंगाया जाता है।
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250 रुपये पैकेट वाले पाउडर दूध से 12 लीटर दूध बनता है। ज्यादा लाभ कमाने के चक्कर में धंधेबाज ऐसा कर रहे हैं। महराजगंज शहर में पैकेट का पाउडर गोरखपुर से मंगाया जाता है।
अनुमान है कि 3000 लीटर रोजाना दूध का उत्पादन होता है। वहीं जिले में 21 डेयरी का संचालन होता है। उत्पादन से ज्यादा खपत होने के कारण मिलावट का खेल होने की बात कही जा रही है। दूध का सेवन करने वालों की संख्या में इजाफ तो हुआ है, लेकिन डेयरी की संख्या नहीं बढ़ रही है। यही वजह है कि मिलावटी दूध पीने से सेहत भी प्रभावित हो रही है।
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जिला अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ की ओपीडी में बीमार बच्चे आते हैं। पूछताछ में पता चलता है कि बाहर का दूध पीने से तबीयत खराब हो गई। ऐसे में डॉक्टर भी बच्चों को सस्ता वाला नहीं बल्कि गुणवत्ता युक्त दूध पीने की सलाह दे रहे हैं। अच्छी क्वालिटी का पाउडर वाला दूध नुकसानदायक नहीं होता है। बाजार में बच्चों वाले पाउडर दूध का कारोबार हर महीने 25 से 30 लाख रुपये से ऊपर का हो गया है।
एक अनुमान के अनुसार शहर में दुकानों से लेकर घरों में करीब तीन लाख लीटर दूध की खपत प्रत्येक दिन होती है। मांग के हिसाब से यह घटता बढ़ता है। त्योहार व अन्य विशेष अवसरों पर खपत चार लाख लीटर प्रतिदिन तक पहुंच जाती है, जबकि पशुपालक से करीब एक लाख लीटर दूध की ही आपूर्ति कर पाते हैं।
वहीं पैक दूध का कारोबार करने वाली कंपनियां भी करीब एक लाख लीटर दूध की आपूर्ति कर रही हैं। शेष बचे एक लाख लीटर दूध की आपूर्ति मिलावट से होती है। एक कारोबारी ने बताया कि बेहतर किस्म का पाउडर वाला दूध 600 से 700 रुपये प्रति पैकेट मिलेगा। महंगा होने के कारण कम बिक्री होती है।
साइकिल से दूध पहुंचाने वाले एक व्यक्ति ने बताया कि मांग के अनुसार उत्पादन नहीं हो रहा तो दूध कहां से आएगा। सबको शुद्ध चाहिए। गाय व भैंस का पालन कोई नहीं करेगा। पुराने में समय लगभग हर घर गाय व भैस होती थी।
गुजरे दौर की बातें अब कहां हैं। दुकानों पर तो पाउडर वाले दूध की खपत हो जाती है, लेकिन घरों में गाय का दूध 60 तो भैंस का 65 रुपये प्रति लीटर दिया जाता है। पानी के अलावा कुछ नहीं मिलाया जाता है। रेट भी समय के हिसाब से घटता बढ़ता रहता है।
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