ललितपुर/सिलावन। चोरी के शक में महिला को कमरे में बंद कर निर्वस्त्र करके पीटने के मामले में बड़ी कार्रवाई की गई है। एडीजी कानपुर जोन के निर्देश पर एसपी ने महरौनी थानाध्यक्ष कामता प्रसाद, मुंशी अंशू पटेल और महिला दरोगा पारुल चंदेल को निलंबित कर दिया। वहीं पीड़िता की तहरीर पर आरोपी मुंशी, उसकी पत्नी और महिला दरोगा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच एएसपी जालौन को सौंप दी गई है।
बुधवार को महरौनी कस्बा निवासी महिला ने एसपी को तहरीर देकर बताया था कि वह थाने के मुंशी अंशू पटेल के घर खाना बनाती है। दो मई को सुबह का खाना बनाने के बाद वह घर लौट आई। शाम को खाना बनाने पहुंची तो अंशु पटेल की पत्नी ने अंदर बैठाकर दरवाजा बंद कर मोबाइल से काल कर पति को बुला लिया। अंशू अपने साथ महिला दरोगा पारुल चंदेल को लेकर अंदर आया और उस पर चोरी का आरोप लगाते हुए पूछताछ करने लगा। महिला ने आरोप लगाया कि अंशू और महिला दरोगा ने उसे निर्वस्त्र कर बेल्ट से पीटा। साथ ही पति को कोतवाली ले जाकर हवालात में बंद कर दिया। जबकि पत्नी के साथ रातभर मारपीट की। बाद में हालत गंभीर होने पर मामले को पति पत्नी का झगड़ा बताकर धारा 151 में चालान कर दिया।
मामले की जानकारी पर एडीजी कानपुर जोन ने मामले की जांच एएसपी जालौन को सौंपी और एसपी निखिल पाठक को कार्रवाई के निर्देश दिए। एसपी के निर्देश पर पीड़िता की तहरीर पर अंशू पटेल, उसकी पत्नी के अलावा महिला दरोगा पारूल चंदेल के खिलाफ महरौनी थाने में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। वहीं मामले में शिथिलता बरतने पर थानाध्यक्ष महरौनी कामता प्रसाद, मुंशी अंशू पटेल और महिला दरोगा पारुल चंदेल को निलंबित कर दिया।
पीड़िता का जिला अस्पताल में कराया गया डॉक्टरी परीक्षण
महरौनी में पुलिस की पिटाई से जख्मी महिला का जिला अस्पताल में डॉक्टरी परीक्षण कराया गया। वहीं राज्य महिला आयोग की सदस्य डॉ.कंचन जायसवाल ने महिला से मुलाकात कर उसका हाल जाना। उन्होंने महिला को तत्काल चिकित्सा मुहैया कराने के निर्देश दिए। उन्होंने एसपी से बात कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।