ललितपुर। भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के आह्वान पर स्टॉक सीमा के विरोध में गल्ला व्यापारियों ने मंडियां, थोक व्यापार एवं दाल मिलें बंद रखीं। प्रदर्शन के उपरांत गल्ला व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन मंडी सचिव को सौंपा। इसमें भारत सरकार द्वारा 2 जुलाई 2021 को दालों और दलहन पर लागू की गई स्टॉक लिमिट सीमा को अविलंब वापस लेने की मांग की गई।
ज्ञापन में बताया कि भारत सरकार द्वारा एक अध्यादेश के माध्यम से दालों और दलहन के व्यवसाय को लेकर स्टॉक लिमिट सीमा निर्धारित कर दी गई है, जिसे देश के संपूर्ण प्रदेशों में लागू कर दिया गया। इसमें थोक विक्रेता के बिंदु पर 200 मीट्रिक टन सीमा निर्धारित की है और इसमें किसी भी एक दाल की मात्र 100 मीट्रिक टन से अधिक नहीं होना चाहिए। वहीं, खुदरा व्यापारियों के लिए समस्त दालों की सीमा 5 मीट्रिक टन निर्धारित की गई है। इस अध्यादेश का देश में पुरजोर विरोध किया जा रहा है। दाल और दलहन की स्टॉक सीमा निर्धारित की जाने के विरोध में भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के आह्वान पर देश की समस्त गल्ला मंडियां, दाल मिलें बंद रहीं।
स्टॉक सीमा निर्धारण करना देश के दाल और दलहन व्यापारियों के साथ अन्याय है और इससे देश के किसानों व उपभोक्ताओं को भारी नुकसान होगा। इस मौके पर प्रदेश के वरिष्ठ उपाध्यक्ष महेन्द्र जैन मयूर, गल्ला मंडी अध्यक्ष अशोक जैन अनौरा, संतोष चौबे, संजीव जैन कप्तान, मनोज जैन, अनुपम जैन, अरविंद जैन, प्रमोद जैन, महेन्द्र साहू, विमल जैन, अमित जैन, दयाली कुशवाहा, अरविंद साहू, संतोश साहू, नीरज जैन, प्रसन्न जैन, सानू, रामकुमार साहू, केशव साहू अशोक कुमार अनौरा, प्रशांत जैन, गजेन्द्र जैन, नीरज जैन मुल्लन, बल्लू भानगढ़, जित्तू अनौरा, तारा मुन्ना, मनोज आदि उपस्थित रहे।