ललितपुर। लाइनलॉस कम करने, विद्युत चोरी रोकने और खपत के अनुसार राजस्व वसूली करने के उद्देेश्य से सब स्टेशनों को अब ऑनलाइन जोड़कर लखनऊ में ही मानीटरिंग की जाएगी। ताकि, सही लोड और खपत की जानकारी प्राप्त हो सके।
शहर में गल्ला मंडी स्थित 66 व 33 केवी, बाई पास और नझाई बाजार स्थित 33 केवी सब स्टेशन पर स्थापित ओसीबी (आयल सर्किट ब्रेकर) और वीसीबी (वैक्यूम सर्किट ब्रेकर) मशीनों पर लोड की सही स्थिति जानने के लिए उत्तर प्रदेश पॉवर कॉर्पोरेशन द्वारा शहर के सभी विद्युत सब स्टेशनों को ऑनलाइन जोड़ा जा रहा है। हालांकि, प्रक्रिया एक वर्ष पूर्व शुरू कर दी गई थी, लेकिन कार्यदाई संस्था द्वारा कार्य पूर्ण नहीं किया जा सका था। अब यह कार्य एक बार फिर से शुरू कर दिया गया है। गल्ला मंडी, नझाई बाजार और बाईपास सब स्टेशन की ओसीबी मशीनों को ऑनलाइन का छूटा कार्य फिर से शुरू कर दिया गया है। इसके लिए कंपनी द्वारा मॉडम लगाकर कंप्यूटर सैट और उच्च क्षमता की विद्युत मीटर भी स्थापित किए गए हैं।
विभागीय सूत्रों के अनुसार शीघ्र ही उप्र पावर कॉपोर्रेशन द्वारा ऑनलाइन रीडिंग का कार्य शुरू किया जाएगा। कॉर्पोरेशन द्वारा सब स्टेशनों पर स्थापित उच्च क्षमता के ट्रांसफार्मरों पर भी बड़े पूर्ण इलेक्ट्रॉनिक मीटर लगाए जाने की योजना है, जिससे ट्रांसफार्मर व ओसीबी या वीसीबी मशीनों तक आने वाली बिजली और इन पर लोड देकर बिजली की खपत की सही जानकारी इस मॉडम के माध्यम से लखनऊ में बैठे अधिकारियों द्वारा बिना किसी से पूछताछ के पूरी जानकारी की जा सकेगी। ऐसा नहीं है कि ऑनलाइन रीडिंग होने के बाद यहां तैनात सब स्टेशन ऑपरेटर की जिम्मेदारी समाप्त हो जाएगी, बल्कि उन्हें भी सब स्टेशन पर लॉग सीट में लोड और खपत का सारा विवरण भरना होगा, जिसकी मॉनीटरिंग उस क्षेत्र के जेई को करनी होगी। शीघ्र ही यह प्रक्रिया शुरू कर ऑनलाइन रीडिंग का कार्य शुरू किया जा रहा है। इसके बाद उप्र पावर कॉर्पोरेशन विभाग पर रीडिंग आधारित खपत के अनुसार विद्युत राजस्व का भुगतान का लक्ष्य तय करेगा।
डाटा उपलब्ध नहीं होने से बिलिंग प्रभावित
ललितपुर। उप्र पॉवर कॉर्पोरेशन द्वारा शहरी क्षेत्र को एक ओर जहां ऑनलाइन रीडिंग कर हाईटेक बनाने की ओर अग्रसर है। वहीं, दूसरी ओर लखनऊ से पूर्ण डाटा उपलब्ध नहीं होने के कारण विद्युत बिलिंग का कार्य प्रभावित चल रहा है। उक्त डाटा डीटी कोड यानि डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफार्मर के हिसाब से बिलिंग कंपनी को उपलब्ध कराया जाता है।