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खाद की लगातार आवक के बाद भी दुकानों पर नहीं कम हो रही भीड़

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ललितपुर। जिले में रबी की बुवाई केे डीएपी की बढ़ती मांग को लेकर लगातार खाद की आवक हो रही है, लेकिन इसके बाद भी दुकानों पर भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रही है। किसान खाद के लिए काफी परेशान हो रहे हैं। समय से बुवाई न हो पाने की चिंता सता रही है। इसके बाद भी जिम्मेदार सुध नहीं ले रहे हैं।
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जनपद में डीएपी की उपलब्धता को लेकर अधिकारी भले ही पर्याप्त मात्रा में होने का दावा कर रहे हों, लेकिन हालत कुछ और ही बयां कर रहे हैं। स्थिति यह है कि बीते माह से बढ़ी डीएपी की मांग अब तक पूरी नहीं हो सकी है। जिला मुख्यालय से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों पर स्थित दुकानों पर सुबह से किसानों भीड़ जुट रही है। किसान खाद को लेकर काफी परेशान चल रहे हैं। खेतों में नमी खत्म होने से पहले ही रबी की बुवाई हो जाए, इसको लेकर खाद के लिए इधर-उधर भटक रहे हैं, लेकिन खाद नहीं मिल पा रहा है।
लाइनों में लगे किसानों का कहना है कि क्षेत्र में चार दिनों से खाद को भटक रहे हैं, पर खाद नहीं मिल पाई है। एक बोरी मिलने से बुवाई नहीं हो पा रही है। शहर मुख्यालय की दुकानों पर जुटी भीड़ को देखकर लाइनों में लगने तक ही हिम्मत तक नहीं जुटा पा रहे हैं। बताते है कि ऐसी खाद की किल्लत अब तक नहीं देखी। प्रशासन को खाद की पर्याप्त मात्रा में व्यवस्थाएं करना चाहिए। जमीन के हिसाब से खाद वितरण किया जाए।
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अधिकारियों का दावा ढाई हजार मीट्रिक टन खाद है उपलब्ध
कृषि विभाग के अधिकारियों का दावा है कि जिले में अब तक 38 हजार मीट्रिक टन खाद आ चुका है। इसमें 27 सौ मीट्रिक टन खाद की रैक बृहस्पतिवार को आई है। जिसका उठान होकर वितरण किया जा रहा है। अब तक 35 हजार पांच सौ मीट्रिक टन खाद का वितरण किया जा चुका है। वर्तमान में ढाई हजार मीट्रिक टन खाद उपलब्ध है, जिसका वितरण कराया जा रहा है। अन्य रैक की डिमांड भी की गई है।
जिले में खाद की सभी दुकानों पर डीएपी उपलब्ध कराया जा रहा है। सभी दुुकानों पर वितरण कराया जा रहा है। दुकानों पर वितरण के लिए विभागीय कर्मचारियों को लगाया गया है। साथ ही कालाबाजारी व बाहरी रोकथाम के लिए बार्डरों पर भी निगरानी की जा रही है।
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राजीव कुमार भारती, जिला कृषि अधिकारी
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