यूक्रेन और रुस के बीच शुरू हुई जंग के बीच मेडिकल की पढ़ाई करने सिकंदराबाद, बुलंदशहर से गई अंजली के वापस लौटने पर उसके पिता ने मुख्यमंत्री राहत कोष में 30 हजार रुपये का योगदान दिया।
वहीं ललितपुर के पाली में रहने वाले उसके बाबा बालचन्द नामदेव और अन्य परिजनों ने खुशी जताई। बाबा बालचंद नामदेव और अन्य परिजनों ने उससे वीडियो कॉलिंग कर हालचाल जाना। वहीं अंजली बाबा ने बताया कि गुरुवार को सुबह भारतीय सेना के वायुयान से अंजली वापस आई। अंजली के पापा संजय नामदेव ने मोबाइल पर बताया कि यूक्रेन में फंसी बिटिया की चिंता में 10 दिन बहुत कठिनाई में बीते।
वो निरंतर उससे संपर्क में रहे। मां रूबी नामदेव ने बताया कि अंजली एनसीसी कैडेट रह चुकी है। इसलिए वह इस तरह की परिस्थितियों में भी अपना और परिवार के सभी सदस्यों का मनोबल बनाए रखा। हमें अपनी बेटी पर गर्व है। खुशी के अवसर पर अंजली के पिता संजय नामदेव ने अपनी बेटी अंजली के हाथों मुख्यमंत्री राहत कोष में तीस हजार रुपये का योगदान दिया। अंजली के चाचा संतोष नामदेव ने भी भतीजी के सकुशल लौटने पर खुशी जताई।