ललितपुर। शासन के आदेश पर जिलाधिकारी आलोक सिंह ने बुधवार को तहसीलों के परिसीमन की अधिसूचना जारी कर दी है। अब पाली तहसील के 23 राजस्व गांव मड़ावरा और 11 राजस्व गांव महरौनी तहसील में शामिल कर दिए गए। जबकि सदर तहसील के 14 राजस्व गांवों को पाली तहसील में जोड़ा गया है।
डीएम ने बताया कि अधिसूचना में तहसीलों में अपमर्जित किए गए राजस्व ग्रामों के समस्त कार्य उन तहसीलों में जहां राजस्व ग्राम सम्मलित किए गए हैं, में तत्काल प्रभाव से शुरू किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित अपने अपने स्तर से किए जाने वाले कार्य, लेखपाल क्षेत्रों का स्थानांतरण,भू अभिलेखों का स्थानांतरण, वादों का स्थानांतरण तत्काल प्रभाव से सुनिश्चित करें। अधिसूचना की एक प्रति तहसीलों के नोटिस बोर्ड पर चस्पा करा दी गई है।
तहसील पाली से मड़ावरा में शामिल हुए राजस्व गांव
बमराना, देनपुरा, धौलपुरा, गदौरा, खिरियाउवारी, भौतीनाराहट, मछरका, गुदामड़ावरा, अर्जुनखिरिया, बनयाना, पियरा, पटना मड़ावरा, गुरयाना, चांदौरा, जरूवा, मलऊवा, देवरी, पारौल, बरौदिया, बरखेरा, सिंगरवारा, जमुनियांकला, खैरी।
सदर तहसील से पाली तहसील में शामिल किए गए राजस्व गांव
मगरपुर, पठारी, बम्हौरीबिरधा, बछलापुर, निवौआ, उतमधाना, ऐरावनी, कुमरौला, बेसरा, पड़ोरिया, घुटारी, जामुनधाना कला, बरौदा बिजलौन, मैनवार।
तहसील पाली से महरौनी तहसील में शामिल राजस्व गांव
गदनपुर, सक्तू, वारचौन, बुदनी नाराहट, गुढाबुजुर्ग, पड़रिया, मुड़िया, ककरूवा, परसई, सिंदवाहा, वैरवारा।
ग्रामीणों को ये होगा फायदा
पाली, मड़ावरा और महरौनी तहसील क्षेत्रों में शामिल राजस्व गांवों से अब ग्रामीणों को काफी सुविधा हो जाएगी। बताते हैं कि पाली से मड़ावरा में शामिल गांवों को पहले तहसील मुख्यालय करीब 20 से 35 किलोमीटर पड़ता था, लेकिन इस बदलाव से 10 से 15 किमी का फासला ही रह जाएगा। इससे समय और पैसे की बर्बादी रुकेगी। वहीं शासन की योजनाओं का लाभ भी ग्रामीणों को आसानी से मिल सकेगा। इस संबंध में ग्रामीणों ने काफी समय पहले श्रम एवं सेवायोजन राज्यमंत्री मनोहर लाल पंथ से मांग की थी, लेकिन उनके दूसरे कार्यकाल में यह काम हो सका।