लोग बोले, खस्ताहाल सड़कों का ही मामला उठाया तो कौन सा गुनाह हो गया
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। बुंदेलखंड विकास सेना की बैठक में कैलगुवां तिराहे पर खस्ताहाल सड़क को लेकर किए प्रदर्शन पर मुकदमा दर्ज कराए जाने की तीखी आलोचना की गई। वक्ताओं ने आरोप लगाया है कि शहर की सड़कों पर पैदल चलना दूभर है। इसकी आवाज उठाना भी प्रशासन को नागवार गुजर रहा है।
विकास सेना प्रमुख हरीश कपूर टीटू ने कहा कि लोकतंत्र में मूलभूत अधिकार दिलाने की जिम्मेदारी शासन प्रशासन की है। इसके बाद भी शहर की सड़केें सही नहीं कराई जा रही हैं।नदीपार लगभग एक किलोमीटर तक सड़क का नामोनिशान नहीं बचा है। इसकी लगातार अनदेखी की जा रही है। इससे आम जन मानस परेशान हो रहा है। विकास सेना ने प्रशासन का ध्यान खींचने के लिए प्रदर्शन किया। यह बात प्रशासन को नागवार गुजरी। उसने सड़क को सही कराने की जगह विकास सेना कार्यकर्ताओं पर फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया। इससे विकास सेना दबने वाली नहीं है। वह लगातार जनहित मुद्दों को प्रमुखता से उठाती रहेगी। बैठक में जिनेंद्र जैन, हरविंदर सलूजा, शिवप्रसाद श्रोतिय, ओमकार, कामता प्रसाद मिश्रा, हनुमंत हलवाई, भगत सिंह राठौर, भगवत दयाल वर्मा, राजकुमार कुशवाहा, रवि रैकवार, बृजेश पाराशर, ब्रजेंद्र शर्मा, पुष्पेंद्र बुंदेला, अमर सिंह बुंदेला उपस्थित रहे।