हर बार लगाते गुहार, नहीं हटे कूड़े के अंबार
ललितपुर। शहर की सड़कों पर फैली गंदगी और मुहल्लों में जगह-जगह लगे गंदगी के अंबार को देखकर नगर पालिका की सफाई व्यवस्था और स्वच्छ भारत मिशन दोनों की हकीकत सामने आ रही है। गंदगी के कारण स्थानीय लोगों व राहगीरों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
नगर के वार्ड नंबर तीन मुहल्ला नेहरु नगर में प्राथमिक विद्यालय के पास मुख्य मार्ग पर कूड़ा इकठ्ठा करने के लिए कूड़ादान रखा हुआ है। लेकिन, यह कूड़ादान पिछले कई महीनों से जर्जर हालत में है। स्थानीय लोगों के द्वारा जो कचरा इस कूड़ेदान में डाला जाता है, उस कचरे को वहां घूमने वाले गाय व सुअर सड़क पर फैला देते हैं। नियमित रुप से सफाई नहीं होने के कारण यह गंदगी हमेशा सड़क पर फैली रहती है। यह मार्ग इस मुहल्ले का मुख्य मार्ग है और पास में ही एक सरकारी व एक निजी विद्यालय भी है। स्थानीय लोगों को व बच्चों को इसी गंदगी से होकर गुजरना पड़ता है। इसके अलावा इन आवारा पशुओं से स्कूली बच्चों के चुटहिल होने का भी डर बना रहता है। स्थानीय लोगों ने कई बार कूड़ादान बदलवाने और नियमित रुप से सफाई कराने की मांग की है, लेकिन कोई खास सुनवाई नहीं की जाती है। मुख्य मार्ग पर फैली इस गंदगी के कारण लोगों को बीमारी फैलने का भी डर बना रहता है। इसके अलावा नालियों में भी काफी गंदगी बनी रहती है।
हमेशा रहती है गंदगी
नियमित रुप से सफाई नहीं की जाती है, इस कारण हमेशा ही इसी तरह की गंदगी बनी रहती है। सड़क पर गंदगी के कारण लोगों को निकलने में परेशानी होती है।
गोविंद सिंह, स्थानीय निवासी।
महीनों से जर्जर पड़ा है कूड़ादान
कचरा इकठ्ठा करने के लिए नगर पालिका द्वारा बड़ा कूड़ादान रखवाया है, लेकिन वह विगत कई महीनों से जर्जर हालत में है। इससे आवारा पशु कचरे को सड़क पर फैला देते हैं। इन आवारा पशुओं पर भी अंकुश लगनी चाहिए।
-प्रेमसिंह परिहार, स्थानीय निवासी।
स्कूली बच्चों को होती परेशानी
सड़क पर कचरा पड़ा होने के कारण स्कूली बच्चों को काफी परेशानी होती है। मुहल्ले का मुख्य मार्ग है स्कूल जाने वाले बच्चों के साथ महिलाओं व वृद्घों को भी समस्या होती है।
-मनीष, स्थानीय निवासी।
पूरे मुहल्ले का यही हाल
इसी तरह की गंदगी पूरे मुहल्ले में फैली रहती है। खाली पड़े मैदान में गंदगी के जगह-जगह ढेर लगे रहते हैं। पूरी गंदगी नालियों में जमा हो जाती है, लेकिन नालियों की भी नियमित रुप से सफाई नहीं होती है।
-रामदीन, स्थानीय निवासी।