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Lakhimpur Kheri News: निर्माण सामग्री की जांच में पारदर्शिता गायब, विभाग की चुप्पी से बढ़ा संदेह

Mon, 15 Jun 2026 12:54 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
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लखीमपुर खीरी। विकास भवन स्थित ग्रामीण अभियंत्रण विभाग (आरईएस) की प्रयोगशाला में होने वाले निर्माण सामग्री की जांच में गड़बड़ी की आंशका है। विभागीय अफसर पिछले डेढ़ वर्षों से रिपोर्ट देने को टालमटोल करते आ रहे हैं, इससे संदेह और बढ़ रहा है।
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ऐसे में अब जिले में बनने वाली सड़कों, खड़ंजों, इंटरलॉकिंग मार्गों और अन्य सरकारी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता भी सवालों के घेरे में आ रही है। विभागीय सूत्रों ने बताया कि जांच प्रक्रिया पारदर्शी नहीं है, इसी वजह रिपोर्ट को छुपाई जाती है।
सूत्रों ने बताया कि जो सुविधा शुल्क देता है, उसका सैंपल पास और न देने वाला का फेल कर दिया जाता है। यह खेल पिछले कई सालों से चलता आ रहा। इस प्रयोगशाला में विभिन्न सरकारी विभागों के निर्माण कार्यों में उपयोग होने वाली सामग्री की जांच की जाती है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद ही सामग्री के उपयोग की अनुमति है। यदि जांच प्रक्रिया पर सवालों के घेरे में हैं तो सरकारी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता भी संदेह के घेरे में रहेगी।
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मिलते न फोन उठाते न कोई जवाब देते जिम्मेदार
-विभाग अधिशासी अभियंता हेमंत सक्सेना प्रयागराज के अधीक्षण अभियंता भी हैं। अधिकांश समय वे वहीं रहते हैं। कभी कभार ही खीरी आते हैं, लेकिन स्टाफ के अलावा किसी से नहीं मिलते। कोई जाता भी तो व्यस्त होने की बात कहकर लौटा दिया जाता। लैब से संबंधित कई बार फोन किया, लेकिन नहीं उठाया। व्हाट्सएप पर भी जवाब नहीं दिया। यह पहली बार नहीं इससे पहले भी कई बार हो चुका। इधर, लैब इंचार्ज जेई सुरेंद्र वर्मा ने भी जांच रिपोर्ट देने को टाल दिया। पिछली बार तो उन्होंने रिपोर्ट देने से साफ इंकार भी कर दिया था।
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वर्जन
आरईएस की प्रयोगशाला में गड़बड़ी किए जाने से संबंधित शिकायत मिली है। मामले की गहनता से जांच कराई जाएगी। गड़बड़ी मिलने पर संबंधितों पर कार्रवाई की जाएगी।
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-अभिषेक कुमार, सीडीओ
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