लखीमपुर खीरी। तिकुनिया में ग्रामीण की हत्या के मामले में आरोप सिद्ध होने पर शुक्रवार को कोर्ट ने तीन अभियुक्तों को उम्र कैद व तीस-तीस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अभियोजन पक्ष की ओर से मुकदमे की पैरवी कर रहे अपर शासकीय अधिवक्ता ने बताया कि थाना तिकुनिया क्षेत्र निवासी मुकदमा वादी नारायण सिंह का पुत्र अमरजीत सिंह, भाई गुरजीत सिंह, सरजीत सिंह व मामा बूटा सिंह 13 नवंबर, 2001 को दशहरा मेला देखने तिकुनिया गए थे। कार्यक्रम के दौरान रात लगभग तीन बजे अमरजीत लघुशंका के लिए गए, लेकिन वापस नहीं आए।
सुबह होने पर सभी ने उनकी तलाश शुरू की। अमरजीत का शव बरसोला के गन्ने के खेत में मेड़ पर पड़ा मिला। तहरीर मिलने पर थाना तिकुनिया में मुकदमा दर्ज किया गया। विवेचना में हत्या करने वालों में औतार, धर्मेंद्र सिंह, भजन सिंह व मंगत सिंह के नाम प्रकाश में आए।
उनके विरुद्ध हत्या के आरोप पत्र अदालत में दाखिल हुए। मुकदमा एडीजे की अदालत में परीक्षण किया गया। अभियोजन पक्ष की ओर से मुकदमे के समर्थन में नौ गवाह पेश किए व 16 अभिलेखीय सुबूत भी दाखिल किए। आरोप सिद्ध हो जाने पर न्यायाधीश शैलोज चंद्रा ने तीनों दोषी अभियुक्त औतार सिंह, भजन सिंह, मंगत सिंह को उम्रकैद व तीस-तीस हजार रुपये अर्थ दंड की सजा सुनाई, जबकि अभियुक्त धर्मेंद्र सिंह की दौरान मुकदमा मौत हो चुकी है।