लखीमपुर खीरी। पलिया में शारदा नदी का जलस्तर मंगलवार की अपेक्षा बुधवार को घटा है, लेकिन नदी अब भी खतरे के निशान से 13 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। फूलबेहड़, निघासन, बिजुआ और तिकुनिया इलाके के 40 से ज्यादा गांवों में कटान का संकट मंडरा रहा है। हालांकि, अभी पानी आबादी की ओर नही बढ़ा है, लेकिन खेतों में भरने लगा है।
निघासन के दौलतापुर, लालबोझी, मदनापुर, झऊवापुरवा और खमरिया जैसे गांव जलमग्न हो गए हैं। खेतों में खड़ी फसलें पानी में डूबने लगी है। ग्रामीणों के मुताबिक बाढ़ का पानी तेजी से फैलने लगा है। हुलासीपुरवा से नौगवां को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग पूरी तरह जलमग्न है। सड़क पर तेज बहाव के चलते आवागमन ठप हो गया है।
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ग्रंट नंबर 12 में स्थित एक मंदिर के पास तक शारदा का पानी पहुंच चुका है। गांव की सुमन देवी का मकान नदी में समा गया है। देशराज के मकान सहित शिव मंदिर पर भी बाढ़-कटान का खतरा मंडरा रहा है।
दौलतापुर के प्रधान दीपक जायसवाल ने बताया कि बोटनपुरवा, सुरजीपुरवा, यादवपुरवा और नौगवां समेत दर्जनों गांवों के खेतों में पानी भर चुका है। वहीं, नौगवां से बम्हनपुर को जोड़ने वाला संपर्क मार्ग भी पानी की चपेट में आ गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल राहत व बचाव कार्य शुरू किया जाए।
एसडीएम निघासन राजीव निगम ने बताया कि पूरे तहसील क्षेत्र में 12 बाढ़ चौकियां स्थापित की गई हैं। आपात स्थिति के लिए सभी चौकियों पर संबंधित कर्मचारियों को सक्रिय कर दिया गया है। हालात पर प्रशासन की नजर बनी हुई है।
तटबंध के अंदर रास्ते और खेत जलमग्न
महेवागंज/फूलबेहड़। शारदा नदी का जलस्तर बढ़ने से फूलबेहड़ क्षेत्र में तटबंध के अंदर बसे दर्जनों गांवों के अधिकांश रास्ते जलमग्न हो गए। मेहंदी ,बहालीपुरवा, बड़ागांव, बसहा, खगईपुरवा, खांभी, नरहर, रंडउहा, गूम, भुलभुलिया, धोबियाना, पकरियापुरवा, शंकरपुरवा सहित कई गांव बाढ़ के पानी से घिर गए। रास्तों में पानी भर गया है।
मेहंदी गांव के सुड्डू खान, मतीन, नादिर, मेराज, परसुराम, राजेश और राजकिशोर ने बताया, कि मेहंदी से खमरिया तक कमर से ऊपर पानी चल रहा है। कोई वाहन नहीं निकल रहा है। तीन किमी की दूरी पैदल ही तय करनी पड़ रही है। सीधे श्रीनगर के पास पुल के पास मिट्टी कट जाने से आवागमन बंद हो गया। तेजी से पानी बढ़ रहा है। गांव के बाहर खेतों और रास्तों पर पानी भर गया है।
शारदा तटबंध पर बना पुल तेज बहाव से कट गया। इससे आवागमन पूरी तरह बंद हो गया। पुल के पास मिट्टी कटने से खगईपुरवा गांव पूरी तरह से मुश्किल में फंस गया। वहीं दर्जनों गांवों के निकलने का संकट खड़ा हो गया है। संवाद
ग्रंट नंबर 12 में देशराज के घर के पास पहुंची नदी की धारा।संवाद