फरधान। ब्लॉक कुंभी में पचास हजार रुपये लेते गिरफ्तार किया गया मनरेगा एपीओ सांठगांठ कर गांव के विकास कार्यों की फाइल रोक रहा था। रविवार को उसे फरधान पुलिस ने भ्रष्टाचार निवारण थाना लखनऊ भेज दिया है।
एंटी करप्शन टीम ने दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया है कि ग्राम छितौनिया के प्रधान को पंचायत में खेल स्टेडियम के लिए 6,32,643 रुपये की धनराशि मिली थी।
इससे उन्होंने स्टेडियम बनवा दिया था। स्टेडियम की धनराशि पर सहायक मनरेगा कार्यक्रम अधिकारी मधुर गुप्ता 10 प्रतिशत के हिसाब से 63,000 की रिश्वत मांग रहा था, लेकिन शिकायतकर्ता प्रधान के पति विपन उन्हें देना नहीं चाहते थे।
उन्होंने लखनऊ के एंटी करप्शन टीम से शिकायत की थी। प्रधान द्वारा रिश्वत न देने पर उनके गांव के कई विकास कार्यों की फाइलों को मधुर गुप्ता के कहने पर बीडीओ ने रोक दिया था। इससे गांव के विकास कार्य रुक गए थे।
शनिवार को भ्रष्टाचार निवारण टीम ने सहायक मनरेगा कार्यक्रम अधिकारी मधुर गुप्ता को रंगे हाथों 50,000 की नकदी समेत गिरफ्तार कर लिया। टीम ने फरधान थाने में भ्रष्टाचार की धारा में मुकदमा दर्ज कराया। प्रभारी निरीक्षक दयाशंकर द्विवेदी ने बताया कि आरोपी पर मुकदमा दर्ज होने के बाद रविवार को