संकटा देवी चौराहे पर खराब पड़ी सिग्नल लाइटें। संवाद
लखीमपुर खीरी। शहर में स्मार्ट ट्रैफिक व्यवस्था का सपना संकटा देवी चौराहे पर बंद पड़ी सिग्नल लाइटों में कैद होकर रह गया है। करीब 16 लाख रुपये की लागत से लगाया गया ट्रैफिक सिग्नल उद्घाटन के कुछ दिन बाद ही बंद हो गया और एक वर्ष से अधिक समय बाद भी चालू नहीं हो सका है।
संकटा देवी चौराहे पर 2 मई, 2025 को तत्कालीन जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल, पुलिस अधीक्षक गणेश साहा और सदर विधायक योगेश वर्मा ने ट्रैफिक सिग्नल का उद्घाटन किया था। इसे शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने और जाम की समस्या कम करने की दिशा में अहम कदम बताया गया था।
हालांकि उद्घाटन के करीब एक सप्ताह बाद तकनीकी खराबी के चलते सिग्नल बंद हो गया। बाद में मरम्मत का प्रयास किया गया, लेकिन व्यवस्था दोबारा सुचारु नहीं हो सकी। यातायात पुलिस के अनुसार सिग्नल के सेंसर खराब हो गए थे, जिन्हें कंपनी का इंजीनियर अपने साथ ले गया। इसके बाद से लाल, पीली और हरी तीनों सिग्नल लाइटें बंद पड़ी हैं।
नतीजा यह है कि लाखों रुपये खर्च कर स्थापित की गई व्यवस्था चौराहे पर केवल ढांचा बनकर रह गई है। एक साल से अधिक समय से सिग्नल बंद होने के बावजूद इसे दुरुस्त नहीं कराया जा सका है।
वर्जन
मामला संज्ञान में है। यदि कंपनी स्तर पर कोई समस्या है तो उससे बात की जाएगी। ट्रैफिक सिग्नल को जल्द ठीक कराकर चालू कराया जाएगा।
-अभिमन्यु त्रिपाठी, सीओ ट्रैफिक