सुकन्या समृद्धि योजना जिले में काफी लोकप्रिय हो रही है। 15 अप्रैल तक जिले के डाकघरों में सुकन्या समृद्धि योजना के 3479 खाते खोले जा चुके हैं। इस योजना के खाते में कन्या के नाम से पैसे जमा तो किए जा सकते हैं, लेकिन बालिका की उम्र 18 साल होने से पहले खाते से पैसा निकाला नहीं जा सकता। डाक विभाग इस योजना का तेजी से प्रचार प्रसार कर रहा है।
डाक अधीक्षक एसएन दुबे ने बताया कि सुकन्या समृद्धि योजना बालिकाओं का भविष्य सुरक्षित करने की दिशा में एक अच्छा कदम है। इस खाते में प्रतिवर्ष अधिकतम डेढ़ लाख रुपये तक जमा किया जा सकता है। एक हजार रुपये से खाता खोलने के बाद हर साल एक हजार रुपये से नवीनीकरण कराना जरूरी है। खाता 14 साल के लिए खोला जाता है। बालिका के 18 वर्ष की आयु पूरी करने पर जमा धन की 50 प्रतिशत राशि शादी या उच्च शिक्षा के लिए निकाली जा सकती है। 21 वर्ष की आयु पूरी होने पर लड़की पूरी जमा धनराशि ब्याज सहित निकाल सकती है। जमा राशि पर 9.2 फीसदी ब्याज दिया जाता है।
उन्होंने बताया कि जिस बालिका के नाम खाता होगा वही बालिका खाते से धन निकाल सकेगी। धन आहरण का अधिकार अभिभावक को नहीं होगा। अभिभावक को इस खाते में जमा राशि पर आयकर में छूट मिलेगी। सुकन्या समृद्धि योजना का ब्याज किसी भी अन्य जमा योजनाओं में सर्वाधिक ब्याज है।