उच्च प्राथमिक विद्यालय खैरीगढ़ शौचालय का हाल। संवाद
लखीमपुर खीरी। जिले के 3106 परिषदीय विद्यालयों में से अधिकांश का हाल बेहाल है। शौचालयों के टूटे दरवाजे, गंदगी के लगे ढेर, खराब पानी की व्यवस्था और जर्जर भवन बच्चों व स्टाफ के लिए परेशानी का सबब बन रहे हैं।
विद्यालयों में व्यवस्थाओं को दुरुस्त कराने के लिए हर वर्ष करोड़ों रुपये की ग्रांट आती है। इसके बाद भी जिम्मेदार लापरवाही बरत रहे हैं। बुधवार को जिले भर के करीब 50 स्कूलों की पड़ताल कराई। इस दाैरान लगभग सभी जगह कोई न कोई अव्यवस्था मिली। अधिकांश जगह के शौचालय खराब थे। स्कूलों में वैसे तो बालक-बालिका के अलग-अलग शौचालय हैं लेकिन काफी जगह शौचालय बदहाल होने से एक ही शौचालय सभी इस्तेमाल करने के लिए मजबूर हैं।
निघासन के यूपीएस खैरीगढ़ स्कूल के शौचालय में गंदगी का अंबार मिला। बाहर बड़ी-बड़ी झाड़ियां थीं, जहां सांप सहित जहरीले जीव-जंतुओं का खतरा है। रकेहटी के शौचालय की भी दशा बदहाल मिली। लोकई पुरवा के शौचालय के दरवाजे गायब मिले। सीटों पर कूड़ा जमा मिला। दिव्यांग शौचालय में तो दरवाजे तक नहीं हैं और गंदगी की भी भरमार है। गोला ब्लाॅक के सिंगहा स्कूल की बाउंड्री तीन सालों से टूटी है।
यूपीएस संसारपुर में दो तरफ बाउंड्रीवाल नहीं है। मेन गेट भी नहीं लगा है। बिजुआ के बस्तौली संविलियन विद्यालय की बाउंड्रीवाल गिरी मिली। शौचालयों में ताला लटकता मिला। कन्या कंपोजिट बेहजम स्कूल के बरामदे का टाइल्स टूटा मिला। शौचालय निष्प्रयोज्य मिला। इंचार्ज नीलम ने बताया कि यहां आधार कार्ड बनते हैं। बाहरी लोगों के आने-जाने से दिक्कतें बढ़ी हैं।
गोला के जवाहर प्राथमिक विद्यालय का भवन खंडहर में तब्दील हो रहा है। अमीरनगर के संविलियन विद्यालय देवरिया का भवन जर्जर होने से बच्चों को दूसरे भवन के कमरों में बैठाया जा रहा है। बांकेगंज खोजियापुर के यूपीएस के दो कमरे की छत का लिंटर में सरिया निकलकर बाहर दिख रही हैं। बरसात में कमरे और बरामदे टपकते हैं।
उच्च प्राथमिक विद्यालय खैरीगढ़ शौचालय का हाल। संवाद
उच्च प्राथमिक विद्यालय खैरीगढ़ शौचालय का हाल। संवाद
उच्च प्राथमिक विद्यालय खैरीगढ़ शौचालय का हाल। संवाद