लखीमपुर खीरी। जिले की आठ विधानसभा सीटों पर विजय हासिल करने के लिये सत्तारूढ़ दल भाजपा समेत विपक्षी पार्टियों ने राजनीतिक गुणा गणित साधते हुए उम्मीदवारों को भी टिकट दिए हैं, जिनमें सबसे ज्यादा सपा के चार उम्मीदवारों पर आपराधिक मुकदमे हैं, तो भाजपा के आठ में दो उम्मीदवारों पर और कांग्रेस और बसपा के तीन तीन उम्मीदवारों पर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
उधर, विधान सभा वार आंकड़ों पर गौर करें तो सबसे ज्यादा सदर में पांच उम्मीदवारों पर आपराधिक मुकदमे हैं तो श्रीनगर और मोहम्मदी में किसी प्रत्याशी पर मुकदमा नहीं है। जिले की आठ विधानसभा सीटों पर भाजपा, सपा, बसपा और कांग्रेस समेत अन्य छोटे बड़े दल के प्रत्याशी व निर्दलीय समेत कुल 67 उम्मीदवारों ने नामांकन कराया है। (संवाद)
सपा के सुनील लाला पर हत्या, जानलेवा हमला समेत तीन मुकदमे
सपा से टिकट पाने वाले उम्मीदवारों में कस्ता विधान सभा से प्रत्याशी सुनील लाला पर हत्या, जानलेवा हमला समेत तीन संगीन मामले दर्ज हैं, जिनमें वह जमानत पर हैं। जबकि, निघासन से प्रत्याशी आर एस कुशवाहा पर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने समेत क तवाली हजरतगंज लखनऊ, थाना निघासन में एक-एक मुकदमा दर्ज है। वहीं, गोला से सपा प्रत्याशी विनय तिवारी पर जानलेवा हमला समेत तीन मुकदमे दर्ज हैं और पलिया से सपा के प्रीत इंदर सिंह पर एक मुकदमा दर्ज है।
बसपा के मोहन बाजपेई पर बलवा और एससीएसटी समेत चर मुकदमे
सदर विधान सभा से प्रत्याशी मोहन बाजपेई पर बलवा, मारपीट और एससी एसटी एक्ट समेत चार मामले दर्ज हैं। तो निघासन से बसपा प्रत्याशी आरए उस्मानी पर एक मुकदमा दर्ज है। जबकि धौरहरा से बसपा प्रत्याशी आनंद मोहन त्रिवेदी पर भी एक मुकदमा दर्ज है।
कांग्रेस प्रत्याशी अटल पर वन अधिनियम समेत आधा दर्जन मुकदमे दर्ज
निघासन विधानसभा से कांग्रेस प्रत्याशी अटल कुमार शुक्ला पर वन अधिनियम समेत विभिन्न आरोपों में आधा दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। जबकि, पलिया विधानसभा से कांग्रेस प्रत्याशी रिसाल अहमद पर तीन आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। वहीं, कस्ता से राधे श्याम पर एक मुकदमा दर्ज है।
अरविंद पर वन्य जीव अधिनियम, रेलवे एक्ट समेत आधा दर्जन मुकदमे
गोला विधानसभा से भाजपा प्रत्याशी अरविंद गिरि द्वारा नामांकन पत्र के साथ दाखिल किए गए शपथ पत्र के मुताबिक उनके खिलाफ भारतीय वन्य जीव अधिनियम, रेलवे एक्ट, एससी/एसटी एक्ट समेत विभिन्न आरोपों में करीब आधा दर्ज मुकदमें दर्ज हैं। हत्या के मामले में इन्हें आजीवन कारावास की सजा भी सुनाई जा चुकी है, लेकिन उत्तर प्रदेश बाल अपराध अधिनियम की धारा 30 का लाभ देते हुए तीन वर्ष के सद्आचरण पर छोड़ा गया था। उधर, धौरहरा विधानसभा से पहली बार चुनाव लड़ रहे भाजपा प्रत्याशी विनोद शंकर अवस्थी पर 22 जनवरी 2022 को चुनाव प्रचार के दौरान आचार संहिता के उल्लघंन व कोविड 19 महामारी एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज हुई थी।
सदर विधान सभा में सबसे ज्यादा आपराधिक उम्मीदवार
सदर विधान सभा में सबसे ज्यादा 13 में पांच उम्मीदवारों पर मुकदमे दर्ज हैं। इसके बाद निघासन में कुल सात प्रत्याशियों में चार पर आपराधिक मुकदमे हैं। गोला और कस्ता में कुल आठ-आठ उम्मीदवारों में तीन-तीन पर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। धौरहरा में नौ में दो उम्मीदवारों पर एक एक मुकदमा है। जबकि, पलिया में छह उम्मीदवारों में दो पर आपराधिक मुकदमे हैं। वहीं श्रीनगर के नौ और मोहम्मदी विधान सभा के कुल आठ उम्मीदवारों में किसी पर भी कोई मुकदमा दर्ज नहीं है।
विधान सभा - कुल उम्मीदवार- दागी
1- धौरहरा- 9 2
2- सदर- 13 5
3- गोला गोकर्णनाथ- 8 3
4- पलिया- 6 2
5- निघासन- 7 4
6- कस्ता- 8 3
7- श्रीनगर- 9 0
8- मोहममदी- 8 0