राशन कार्ड निरस्त होने पर ग्रामीणों को हुई जानकारी
पीड़ित लोगों ने डीएम और एसपी से की जालसाजों के खिलाफ कार्रवाई की मांग
निघासन। बैंक में फर्जी खाता खुलवाकर लाखों रुपये की रकम निकालकर जालसाजी करने का मामला सामने आया है। जालसाजों ने खाताधारकों के फर्जी हस्ताक्षर करके बैंक में खाते खुलवा लिए। फिर इस खाते में लाखों रुपये का लेनदेन होता रहा। आधार से लिंक होने पर जिसके नाम से खाता खोला गया, उस परिवार का राशन कार्ड निरस्त कर दिया गया, तब ग्रामीणों को मामले की जानकारी हुई। पीड़ित लोगों ने डीएम और एसपी से शिकायत कर जालसाजों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
निघासन तहसील क्षेत्र के गौरिया ग्रामसभा में रहने वाले साठ लोगों के राशन कार्ड पूर्ति विभाग ने निरस्त कर दिए। वजह बताई गई कि इन कार्ड धारकों ने लाखों रुपये का गेहूं या धान क्रय केंद्रों पर बेचा है, जिसकी धनराशि इनके खातों में भेजी गई है। इसलिए ये पात्र नहीं रहे। राशन कार्ड निरस्त होने का पता लगने पर लोगों में खलबली मच गई। जिन लोगों के कार्ड निरस्त हुए उनमें से कुछ लोगों के खाता नंबर गेहूं क्रय केंद्रों से जुड़े बिचौलियों ने लिए थे। कई ऐसे लोग हैं, जिन्हें इसकी कोई जानकारी नहीं है।
एक राशन कार्ड धारक के मुताबिक, उसके नाम से फर्जी खाता एक बैंक में खोलने के बाद गेहूं बिक्री के नाम पर लाखों रुपये का लेनदेन कर दिया गया और उन्हें इसकी भनक तक नहीं लगी। खाते में फर्जी तरीके से जमा की गई लाखों की राशि चेक के जरिये निकाल ली गई।
भूमिहीनों के खातों में लाखों रुपये गेहूं की बिक्री का पैसा डाला और जा चुका है। गरीब ग्रामीणों को अपना राशन कार्ड दोबारा बनवाने के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा हैं। उधर, बैंक मैनेजर ने बताया कि मामले की जानकारी हुई है। सारे खाते चेक कर गलत पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। एसडीएम श्रद्धा सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी हुई है। मामले की जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।