ममरी। किसान पर बाघ के हमले के बाद से लोगाें में रोष है। ग्रामीणों के रोष को देखते हुए वन विभाग ने बाघ को ट्रेंक्युलाइज करने की कोशिश शुरू कर दी है।
गांव मूड़ा जवाहर निवासी 55 वर्षीय किसान मुन्नालाल का इलाज ओयल के ट्रॉमा सेंटर में हो रहा है। वहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। उसे विभाग की तरफ से अभी तक कोई सहायता राशि नहीं मिल पाई है। हालांकि ग्रामीणों की मांग पर वन विभाग ने बाघ को बेहोश कर पकड़ने की कोशिश शुरू कर दी है।
डिप्टी रेंजर रामनरेश वर्मा का कहना है कि अभी मेडिकल रिपोर्ट नहीं मिली है। ग्राम प्रधान से मेडिकल रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा गया है। उच्चाधिकारियों से हमलावर बाघ को ट्रेंक्युलाइज करने की अनुमति मिल गई है। इसकी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
नदी के समीप मचान बनाए जा रहे हैं। साथ ही बाघ को बेहोश करने के लिए विशेषज्ञों की टीम मौके पर पहुंच गई है। वन्य जीव विशेषज्ञ डॉ. दयाशंकर के नेतृत्व में टीम नदी के आस-पास कांबिंग कर रही है। उम्मीद है बाघ शीघ्र पकड़ा जाएगा।